महिलाओं के प्रति होने वाले अपराधों को रोकने और हर
मामलों में पुलिस का सहयोग करने वाले संभ्रांत नागरिकों को अब विशेष पुलिस
अधिकारी (एसपीओ) का दर्जा दिया जाएगा। पुलिस ऐसे नागरिकों को चिह्नित कर
कार्ड भी उपलब्ध कराएगी।
आईजी के निर्देश पर सभी थाना प्रभारियों ने
अपने-अपने क्षेत्रों के 10-10 ऐसे लोगों को चिह्नित करने का काम भी शुरू कर
दिया है। आईजी जोन का आदेश प्राप्त होते ही पुलिस कप्तान के फरमान पर सभी
थाना व कोतवाली प्रभारियों ने ऐसे लोगों की तलाश शुरू कर दी है।
ऐसे लोगों
को चिह्नित किया जा रहा है जिन्होंने महिलाओं के साथ होने वाले अपराध जैसे
चेन लून, पर्स लूट, छेड़छाड़ या अन्य घटनाओं में महिलाओं की मदद की हो।
इसके अलावा जो काम पुलिस को करना चाहिए, उस काम को उन्होंने पुलिस के
सहयोगी के तौर पर किया ऐसे व्यक्तियों को चिह्नित करने का काम तेजी से शुरू
कर दिया गया है।
बताया जाता है कि चिह्नित किए गए पुरुष या महिलाओं को एक
आवेदन पत्र भरना होगा। इस आवेदनपत्र के ऊपर उत्तर प्रदेश पुलिस महिला
सम्मान प्रकोष्ठ अंकित किया गया है। प्रपत्र में उस व्यक्ति की एक फोटो लगी
होगी। नाम, पिता का नाम, आधार कार्ड नंबर, फोन नंबर, व्यवसाय, शैक्षिक
योग्यता और पढ़ाई कर रहे या पढ़ाई बंद कर चुके, इन सवालों के जवाब भी अंकित
करने होंगे।
इसके अलावा परिवार के संबंध में भी पूरा विवरण भरना होगा।
शनिवार को सभी चौकी प्रभारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों के ऐेसे व्यक्तियों
को खोजने का काम शुरू किया है। पात्र व्यक्ति की तलाश पूरी होने पर तत्काल
उसका आवेदन कराया जाएगा। पुलिस विभाग द्वारा थाना व कोतवालियों में होने
वाली हर संभ्रांत नागरिकों की बैठक में इन विशेष पुलिस अधिकारियों को
आमंत्रित किया जाएगा। यही नहीं क्षेत्र की लोकेशन व वहां रहने वाले लोगों
के बारे में इनसे जानकारी भी पुलिस हासिल करेगी।