पहली बार कोतवाली पहुंचे एसपी ने जब निरीक्षण किया तो
उन्हें चारो तरफ गंदगी का साम्राज्य दिखाई दिया। यह देख उनका पारा चढ़
दिया। उन्होंने कोतवाल को चेतावनी देते हुए कहा कि एक सप्ताह बाद दोबारा
आने पर यदि सुधार न हुआ तो कार्रवाई होगी।
एसपी दिनेश कुमार पी
शुक्रवार की दोपहर अचानक कोतवाली पहुंचे। उस समय कोतवाली में सिर्फ कस्बा
इंचार्ज गणेश प्रसाद मिश्रा मौजूद थे। एसपी को कोतवाली में देख हड़कंप मच
गया। मौजूद सिपाही अपनी वर्दी और टोपी सेट करने में जुट गए। आनन-फानन में
कोतवाल को फोन कर बुलाया गया।
एसपी ने सबसे पहले पेट्रोलपंप पर हुई लूट की
घटना की जानकारी ली। वहां मौजूद कस्बा इंचार्ज ने उन्हें बताया कि लूट नहीं
सिर्फ मारपीट हुई है। उन्होंने मौके पर मौजूद लूट के आरोपी छात्र हिमांशु
से घटना के संबंध पूछताछ की। इसके बाद उन्होंने पेट्रोलपंप मालिक को भी
कोतवाली बुलाने के निर्देश दिए। इस बीच उन्होंने निरीक्षण शुरू कर दिए।
कोतवाली परिसर में पड़े टायरों को देख उन्होंने कहा कि अभी तक इनका
निस्तारण क्यों नहीं हो सका है। उन्होंने उनके निस्तारण के निर्देश
दिए। कार्यालय में मौजूद मुंशियों से वहां बैठे लोगों के बारे में जानकारी
ली। इसके बाद परिसर का निरीक्षण किया।
आवासीय परिसर में निर्माणाधीन
बिल्डिंग के लिए वहां रखी ईंटों की क्वालिटी अच्छी न देख कोतवाल से ठेकेदार
को बुलाकर उन्हें वापस कराने और जांच आईआईटी से कराने के निर्देश दिए।
आवासीय परिसर में गंदगी देख पालिका के सहयोग से सफाई कराने के निर्देश दिए।
कंडम आवासीय परिसरों को ध्वस्त कराकर नए आवास बनाने के प्रस्ताव बनाकर
भिजवाने की बात कही। कोतवाली के पश्चिमी ओर आवासों की तरफ खुले रास्ते को
बंद कराने और माल-मुकदमाती को निस्तारित कराने के भी निर्देश दिए। उन्होंने
कोतवाल को चेतावनी दी एक सप्ताह के अंदर पूरी व्यवस्था सुधार कर लें। वह
दोबारा जब निरीक्षण में आए तो कमियां देखने को न मिले।