कन्नौज। जिले में राजनीतिक सरगर्मी उस समय चरम पर पहुंच गई जब नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण विधेयक) को लेकर विपक्षी दलों द्वारा अपनाए गए रुख और बयानबाजी के विरोध में बुधवार को महिलाओं का आक्रोश सड़कों पर उतर आया। स्थानीय महिलाओं ने कपूरापुर मानीमऊ में एकजुट होकर न केवल विपक्ष की सद्बुद्धि के लिए हवन-पूजन किया। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर विरोध जताया।
शहर के प्रमुख स्थल पर एकत्रित दर्जनों महिलाओं ने मंत्रोच्चार के साथ सद्बुद्धि यज्ञ का आयोजन किया। कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव और उनके सहयोगी दल केवल तुष्टीकरण और नकारात्मकता की राजनीति कर रहे हैं। इसी नकारात्मकता को दूर करने और विपक्षी नेताओं के मन में जनहित के प्रति सही चेतना जागृत करने के उद्देश्य से सद्बुद्धि यज्ञ किया गया है। प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव के प्रति नाराजगी जाहिर की।
महिलाओं ने तर्क दिया कि जो राजनीतिक दल महिलाओं के सम्मान और उनके अधिकारों के विरुद्ध खड़े होते हैं, वह सामाजिक और राजनीतिक रूप से मृतप्राय हैं। इस दौरान नारी शक्ति के सम्मान में, बहन-बेटियां मैदान में और महिला विरोधी राजनीति बंद करो जैसे नारे गूंजते रहे। महिलाओं का आरोप है कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम के पारित होने के दौरान और उसके बाद विपक्षी नेताओं ने जिस तरह की भाषा और व्यवहार का प्रदर्शन किया, वह नारी शक्ति का अपमान है। कन्नौज जो कभी सपा का गढ़ रहा है, वहां से इस तरह का विरोध संदेश देता है कि अब महिलाएं वोट बैंक की राजनीति से ऊपर उठकर अपने अधिकारों के प्रति सजग हो चुकी हैं। इस दौरान महिला नेत्री दीप शिखा पाल, गुंजन दोहरे, पायल राजपूत, चंदावटी, बबीता आदि मौजूद रहीं।