आल इंडिया रेलवे मेंस फेडरेशन (नरमू) के आह्वान पर
मंगलवार को रेलवे कर्मचारियों ने अखिल भारतीय मांग दिवस मनाया। हक और हितों
को लेकर कन्नौज रेलवे स्टेशन पर गेट मीटिंग कर आवाज बुलंद की। कई घंटे तक
नारेबाजी करके प्रदर्शन किया। अंत में प्रधानमंत्री का पुतला फूंककर आक्रोश
जताया।
इस दौरान नरमू के कन्नौज शाखा के पदाधिकारी खमान सिंह ने कहा कि
जोधपुर अधिवेशन में लिए गए निर्णय के अनुसार 10 सूत्रीय चार्टर्ड डिमांड
को अविलंब लागू किया जाए। उत्पादकता के आधार पर बोनस सीमा बढ़ाई जाए। रेलवे
कर्मचारियों की लंबित समस्याओं का निस्तारण हो।
कैलाश नाथ ने कहा कि नई
पेंशन योजना को समाप्त कर पुरानी पेंशन योजना को बहाल किया जाए। बोनस की
सीलिंग को 3500 से हटाकर वास्तविक वेतन पर बोनस दिया जाए। बोनस का भुगतान
दुर्गा पूजा से पूर्व कराया जाए। बीएस राना ने कहा कि सेना की भांति रेल
कर्मचारियों में भी वन रैंक वन पेंशन स्कीम लागू की जाए।
रेलवे में
प्रस्तावित 100 प्रतिशत एफडीआई एवं पीपीपी पर तत्काल रोक लगाई जाए और इस
योजना को समाप्त किया जाए। रेल कर्मी महेश चंद्र ने कहा कि ट्रैक
मेंटेंनरों को अन्य विभागों की रिक्तियों पर पदोन्नति के मौके प्रदान किए
जाएं। भारी मात्रा में खाली पड़े सहायक लोको पायलटों के पदों पर आईटीआई एवं
जीआईटीआई पास ट्रैक मेंटेंनरों को पदोन्नति के अवसर प्रदान किए जाएं।
भागदेव ने कहा कि स्टेशन मास्टरों के खाली पदों को तत्काल भरा जाए। कहा कि
तब तक पद नहीं भरे जाते हैं, तब तक उन्हें ओवरटाइम का भुगतान सुनिश्चित
किया जाए। रेलकर्मी नितिन कुमार ने कहा कि रनिंग कर्मचारियों के पदों को
तत्काल भरा जाए और उनसे अतिरिक्त ड्यूटी कराने पर रोक लगाई जाए। नेपाली
सिंह ने कहा कि डा. विवेक राय द्वारा प्रस्तुत की गई रेलवे रिस्ट्रक्चरिंग
कमेटी की रिपोर्ट को तत्काल रद्द किया जाए।