जलालाबाद। किसान मेले में शामिल महिलाओं पर कुछ लोगों ने लड्डू फेंक दिए। इससे आक्रोशित महिलाओं ने हंगामा शुरू कर दिया। कार्रवाई की मांग को लेकर जीटी रोड पर जाम लगा दिया। जाम में जिले के दौरे पर आए अपर मुख्य सचिव का काफिला फंस गया। इससे अधिकारियों के होश उड़ गए। करीब आधे घंटे के बाद अधिकारियों ने आक्रोशित महिलाओं को शांत कराकर जाम खुलाया।
गुुरुवार को कस्बे के वीडी तिवारी इंटर कालेज परिसर में किसानों की आय दोगुनी करने के लिए किसान मेले का आयोजन किया गया था। मुख्य अतिथि अपर मुख्य सचिव डॉ. देवेश चतुर्वेदी ने दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि किसानों की आय दोगुनी हो। किसान कम लागत में अधिक उपज कर सकें। इसके लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं।
इसके बाद उप निदेशक कृषि आरएन सिंह, जिला कृषि अधिकारी राम मिलन परिहार, कृषि वैज्ञानिक डॉ. वीके कनौजिया ने संबोधित किया। यहां से अपर मुख्य सचिव कृषि विज्ञान केंद्र का निरीक्षण करने रवाना हो गए। उनके जाते ही पंडाल में मौजूद कुछ लोेगों ने महिलाओं पर लड्डू फेंकने शुरू कर दिए। इससे खफा महिलाओं ने हंगामा शुरू कर दिया। आयोजन स्थल से बाहर जीटी रोड पर अराजकतत्वों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर जाम लगा दिया। जाम लगने से अधिकारियों के होश उड़ गए।
वहीं कृषि विज्ञान केंद्र से लौटते समय अपर मुख्य सचिव का काफिला फंस गया। भाजपा जिला महामंत्री रामवीर कठेरिया और कोतवाल राजा दिनेश सिंह यादव ने महिलाओं को शांत कराया। इसके बाद अपर मुख्य सचिव आगे के लिए रवाना हो गए।
कुछ इस तरह बिगड़े हालात
कन्नौज। मेले में अधिकारियों ने समूह की करीब 100 महिलाओं को सुबह से बुला लिया था। दोपहर तक इन्हें पानी, लंच पैकेट नहीं मिला। अपर मुख्य सचिव के जाने के बाद महिलाओं को लंच पैकेट बांटे गए। लंच पैकेट कम पड़ गए। इससे महिलाएं भड़क गईं। इसके बाद अधिकारियों ने महिलाओं के लिए बाजार से लड्डू मंगाए। इस दौरान कुछ लोगों ने महिलाओं पर लड्डू फेंक दिए। इससे महिलाओं ने हंगामा कर जीटी रोड पर जाम लगा दिया।
महिलाओं को क्यों बुलाया, अधिकारियों ने साधी चुप्पी
कन्नौज। मेले में किसानों की जगह अधिकारियों ने समूह की महिलाओं और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को बुलाया था। किसानों की जगह महिलाओं को बुलाने के मामले में अब कृषि अधिकारियों ने चुप्पी साध ली है। पूर्व प्रधान कमलकांत कटियार, भाजपा नेता सर्वेश पांडेय उर्फ मलिक, सुशील दुबे और अमित मिश्रा ने कहा कि प्रचार प्रसार के अभाव से मेले में किसान नहीं पहुंचे। इससे अधिकारियों ने महिलाओं को बुला लिया था।
महिलाओं ने कहा, समूह की बैठक की दी गई थी जानकारी
कन्नौज। मेले में आईं लक्ष्मी स्वयं सहायता समूह मिरगावां की सदस्य सुषमा, राम बेटी, शांति देवी, सुखरानी और रामकली ने बताया कि उन्हें समूह की बैठक होने की जानकारी दी गई थी। पहुंचने पर जानकारी हुई कि किसान मेले के आयोजन में गुमराह कर बुलाया गया। मेले में उन पर लड्डू फेंककर अपमानित किया गया।