छिबरामऊ। नगर के सौ शैया अस्पताल में मनमानी और लापरवाही का आलम यह है कि गुरुवार को फार्मासिस्ट ओपीडी समय पर औषधि वितरण कक्ष में ताला डालकर गायब हो गए। औषधि वितरण कक्ष के बाहर मरीजों की भीड़ लगी हुई थी। काफी देर तक ताला बंद रहने से नाराज मरीजों व उनके तीमारदारों ने जमकर हंगामा किया।
गुरूवार को नगर के सौ शैय्या अस्पताल के औषधि वितरण कक्ष में तैनात फार्मासिस्ट यादवेंद्र त्यागी दोपहर 12 बजे के करीब कमरे में ताला डालकर गायब हो गए। जबकि औषधि वितरण कक्ष के बाहर मरीजों की भीड़ लगी हुई थी। काफी देर तक इंतजार करने के बाद भी जब फार्मासिस्ट नहीं आए तो मरीजों ने हंगामा कर दिया। अस्पताल में दवा लेने के लिए आए मरीज दिनेश, लखन, संदीप, उमा, राजेश्वरी, विनीता, विवेक ने बताया कि वह काफी देर से दवा लेने के लिए खड़े हैं लेकिन फार्मासिस्ट गायब हैं।
औषधि वितरण कक्ष का ताला न खुलने पर मरीजों ने सीएमएस डा. सुनील कुमार सिंह को फोन कर मामले की जानकारी दी। सीएमएस ने फार्मासिस्ट को बुलाकर पूरे मामले की जानकारी ली। इस संबंध में सीएमएस डा. सुनील कुमार सिंह ने बताया कि फार्मासिस्ट से स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। जवाब संतोषजनक न मिलने पर उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
सुबह 10 बजे के बाद ही खुलता है औषधि वितरण कक्ष
अस्पताल में ओपीडी का समय सुबह आठ बजे से दोपहर दो बजे तक है, लेकिन मनमानी का आलम यह है कि फार्मासिस्ट सुबह दस बजे के बाद अस्पताल पहुंचते हैं और डेढ़ बजे से ही मरीजों को दवा देने से इन्कार करने लगते हैं। गुरुवार को ताला लगाकर गायब होने पर फार्मासिस्ट का तर्क था कि वह स्टोर से दवा लेने के लिए गए थे। ऐसे में सवाल यह उठता है कि वह अपनी ड्यूटी पर समय से आकर पहले या फिर दो बजे के बाद में रूककर फार्मेसी के स्टाॅक को क्यों चेक नहीं करते हैं।