नए वर्ष में कन्नौज-औरैया मार्ग पर उमर्दा कस्बे के
पास निचली गंग नहर का टूटा पुल बनकर पूरा हो जाएगा। इससे बीते करीब 11
महीने से आवागमन के दौरान लोगों को हो रहीं दिक्कतों से छुटकारा मिल जाएगा।
वहीं भारी वाहनों के गुजरने से आसपास के अन्य पुलों व रास्तों के
क्षतिग्रस्त होने पर भी अंकुश लग जाएगा।
यह पुल बनने से न सिर्फ
कन्नौज, बल्कि इटावा व औरैया के लोगों का भी सफर सुविधाजनक होगी। सेतु निगम
के परियोजना प्रबंधक गेंदालाल का कहना है कि काम युद्धस्तर से चल रहा है।
दो महीने के अंदर नहर पुल को पूर्ण कर दिया जाएगा। तब लोग आराम से इसके ऊपर
से आ जा सकेंगे।
इस पुल के बनने से मौजूदा समय में रोजाना पांच से 15 किमी
का चक्कर लगाने की समस्या का समाधान हो जाएगा। वहीं इंदुइयागंज पुल के
दूसरी ओर जमीन संबंधी बाधा को भी दूर करके रोड का निर्माण कार्य पूरा होगा,
जिससे नाव के सहारे नदी पार करने की मजबूरी दूर हो जाएगी।
एडीएम संतोष
शर्मा का कहना है कि मुआवजा संबंधी शासन में लंबित प्रस्ताव को जल्द मंजूरी
दिलाने का प्रयास करेंगे। कहा कि इसके बाद लोकनिर्माण के इंजीनियरों
की टीम को लगाकर पुल के दूसरी तरफ रोड बनवा दी जाएगी। ऐसा होने पर कटरी
क्षेत्र में काली नदी पर बसे आधा सैकड़ा से अधिक गांव के लोगों को पांच से
15 किमी का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा।
न ही नदी से जिंदगी खतरे में डालकर
काली नदी पार करनी पड़ेगी। वहीं कन्नौज शहर में सबसे व्यस्ततम तिर्वा
क्रासिंग पर निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज भी इसी साल पूरा होगा। इससे
क्रासिंग पर दिन भर में दर्जनों बार ट्रेन के आने-जाने पर लगने वाले जाम की
समस्या से राहत मिल जाएगी। वहीं कानपुर-दिल्ली मार्ग पर लगने वाले जाम की
नौबत भी खत्म हो जाएगी।