छिबरामऊ। क्षेत्र के डालूपुर गांव में ट्यूबवेल के गड्ढे में भरे पानी को पीने से हुई बीस बकरियों की मौत के कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट में नहीं हो सका है। बकरियों के बिसरे को सुरक्षित रखा गया गया है। जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला लखनऊ भेजा जाएगा।
क्षेत्र के हरकरनपुर गांव निवासी मनोज कुमार पुत्र पुत्तूलाल शुक्रवार शाम को अपनी बकरियों को चराने ले गए थे। डालूपुर गांव निवासी सत्यपाल राठौर के ट्यूबवेल के गड्ढे में पानी पीने उनकी 16 बकरियों की मौके पर ही मौत हो गई थी। जबकि चार ने घर आकर दम तोड़ दिया। चिकित्सकों की टीम ने बकरियों का पोस्टमार्टम किया पूर्व राज्यमंत्री व विधायक अर्चना पांडेय शनिवार को पीड़ित किसान के घर पहुंची। उन्होंने पीड़ित किसान को बेटियों की शादी में मदद करने का आश्वासन दिया।
एक साथ बीस बकरियों को दफन कराने के लिए जेसीबी मशीन की तलाश कराई गई, लेकिन जब यह तलाश पूरी नहीं हुई तो यह जिम्मेदारी ग्रामीणों ने अपने कंधों पर उठा ली। ग्रामीणों ने गड्ढा खोदकर उन्हें दफन कराया।