कन्नौज। कार्यभार संभालने के बाद बुधवार को पहली बार निरीक्षण करने निकले सीएमएस को जिला अस्पताल बदहाल मिला। कई जगह गंदगी दिखी, तो इमरजेंसी में तीमारदार खुद स्ट्रेचर घसीटता मिला। पैथॉलाजी के कर्मचारी ग्लब्स तक नहीं पहने थे। इस पर सीएमएस ने सभी को एक सप्ताह में सुधार की हिदायत दी।
सीएमएस डा. शक्ति वसु ने ओपीडी में डॉक्टर का पर्चा देखा। इसमें डाक्टर के हस्ताक्षर की पहचान नहीं हुई। उन्होंने बाबू से कहा कि सभी डाक्टरों की सील नाम के साथ बनवाएं। कोरोना संदिग्ध बगैर जांच भर्ती होने की जानकारी पर कहा कि रिपोर्ट आने तक संदिग्ध आइसोलेशन वार्ड में रखे जाएं। सफाई ठीक न मिलने पर सुपरवाइजर को सुधार नियमित अस्पताल निरीक्षण करने और गंदगी मिलने पर सफाई कराने को कहा। पैथालॉजी कर्मचारियों को बिना ग्लब्स काम न करने और निडिल को कटर से काट तत्काल काट कर नष्ट करने के निर्देश भी दिए। एक्सरे व अल्ट्रासाउंड कक्ष में बिना मास्क मरीज मिलने पर मास्क लगाने व दूर दूर बैठने को कहा।
अल्ट्रासाउंड में डाक्टर के साथ एक महिला कर्मी की ड्यूटी लगाने को भी कहा। इमरजेंसी में 108 एंबुलेंस से लाए गए मरीज के लिए तीमारदार को स्ट्रेचर ले जाते देख एमटी को बुला कर चेतावनी दी, उससे कहा कि एंबुलेंस में स्ट्रेचर होता है मरीज को उससे इमरजेंसी तक खुद पहुंचाएं। इमरजेंसी के वार्ड ब्वाय से कहा कि स्ट्रेचर के साथ गेट पर मौजूद रहें। डा. रविंद्र साहू, सुनील पाठक से कहा कि एक सप्ताह में सुधार चाहिए। अगर बदलाव नहीं हुआ तो कार्रवाई की जाएगी।