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Kannauj News: अब खाद के लिए नहीं लगेगी किसानों की लाइन

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तालग्राम। सहकारी समितियों व पंजीकृत उर्वरक विक्रेताओं की दुकान पर अब खाद के लिए किसानों की लाइन नहीं लगेगी। अब एल-जीरो और एल-वन साॅफ्टवेयर अपडेट वितरण किया जा रहा है। इन मशीनों की गति तेज होगी और किसान का फिंगर प्रिंट लगते ही दो मिनट में पूरा विवरण उपलब्ध कराएगा।
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पीओएस मशीन से खाद बिक्री की अनिवार्यता है, लेकिन पहले मशीन में एल-जीरो था। इससे मशीन की स्पीड इतनी धीमी थी कि एक किसान को खाद बिक्री प्रक्रिया पूरी करने में सात से 10 मिनट का समय लग जाता था। उर्वरक पाने में लग रहे समय के कारण खाद की उपलब्धता के बाद भी किसानों को उर्वरक प्राप्ति के लिए लाइन में लगने की मजबूरी रहती है। अब पॉश एल-वन मशीन से समिति या खाद की पंजीकृत दुकानों पर किसान महज दो मिनट में खाद प्राप्त कर सकेंगे। विभाग के लिपिक महेश चंद्र वर्मा ने बताया कि पॉश एल-वन की 900 मशीनों का वितरण उर्वरक विक्रेता को किया गया है। जिला कृषि अधिकारी संतलाल गुप्ता का कहना है कि पॉश एल-वन साॅफ्टवेयर के अपडेट मशीनों की कार्यक्षमता बढ़ेगी। किसानों को कहीं भी उर्वरक के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा।


900 पंजीकृत बीज उर्वरक विक्रेता

जिले में 900 पंजीकृत बीज उर्वरक विक्रेता हैं, जो पाॅश मशीन से उर्वरक व बीज की बिक्री करते हैं। इसके अलावा 48 बहुउद्देशीय प्राथमिक ग्रामीण सहकारी समिति और आठ निजी कुल 56 समितियों के साथ आठ राजकीय बीज गोदाम से पीओएस मशीन के मार्फत बिक्री होती है।
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फोटो :01: गोदाम पर खाद वितरित कराते अध्यक्ष हवलदार वर्मा। संवाद
सहकारी समिति पर डीएपी वितरण में मारामारी

गुरसहायगंज। शासन के निर्देश पर डीएपी उपलब्ध कराने के लिए कृषि विभाग सक्रिय हो गया है। किसानों की मांग पर 700 बोरी डीएपी समिति पर भेजी गई है। अध्यक्ष की देखरेख में शनिवार को डीएपी का वितरण किया गया। इसे लेने के लिए किसानों में मारामारी मची रही। मलिकपुर स्थित बहुउद्देशीय प्राथमिक ग्रामीण सहकारी समिति पर बीते एक सप्ताह पहले किसानों की मांग पर सहकारिता विभाग की ओर से 700 डीएपी की बोरी उपलब्ध कराई गई। प्रति एक किसान को पांच बोरी समिति के अध्यक्ष हवलदार वर्मा की देखरेख में सचिव धनंजय चतुर्वेदी ने वितरित की। सचिव धनंजय चतुर्वेदी ने बताया कि जिन किसानों को खाद नहीं मिल पाई है, उन्हें दोबारा खाद आने पर मुहैया कराई जाएगी।
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