कन्नौज। निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी एसडीएम सदर ने विधानसभा क्षेत्र कन्नौज के 22 सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों को मंगलवार को नोटिस जारी किया है। यह नोटिस विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्य में लापरवाही को लेकर दिया गया है। अधिकारियों से दो दिनों के भीतर लिखित स्पष्टीकरण मांगा गया है।
संयुक्त मजिस्ट्रेट वैशाली ने 28 फरवरी को मतदाता सूचियों के एसआईआर कार्य की समीक्षा की थी। इसमें आवंटित मतदेय स्थलों पर बीएलओ द्वारा नोटिस सुनवाई का प्रतिशत 50 फीसदी से कम मिला। वहीं पूरे जिले का औसत प्रतिशत 79 फीसदी दर्ज किया गया है। एसडीएम ने कहा कि अधीनस्थ पर्यवेक्षक और बीएलओ से प्रभावी कार्य नहीं कराया जा रहा है। अधिकारियों द्वारा स्वयं भी कोई कार्य नहीं किया जा रहा है। इस रवैये से तहसील कन्नौज की छवि धूमिल हुई है। उन्होंने अधिकारियों को पदीय दायित्वों का ठीक से निर्वहन न करने का दोषी ठहराया। निर्वाचन जैसे महत्वपूर्ण कार्य को गंभीरता से न लेना खेदजनक है।
इन अफसरों से मांगा गया स्पष्टीकरण
सदर विधानसभा क्षेत्र में एईआरओ की जिम्मेदारी निभा रहे जिला पर्यटन अधिकारी डॉ. मोहम्मद मकबूल, एसीओ सियाराम, बीडीओ दिनेश चंद्र, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी जितेंद्र कुमार, जेई नलकूप खंड पंकज तिवारी, जेई जल निगम प्रशांत कनौजिया, जिला खादी एवं ग्रामोद्योग अधिकारी प्रदीप गुप्ता, उपायुक्त उद्योग प्रेमकांत, एआर कोआपरेटिव राजीव लोचन शर्मा, जिला कार्यक्रम अधिकारी राजेश वर्मा, डीपीआरओ राजेंद्र प्रकाश, बीडीओ गुगरापुर रतीराम, सहायक अभियंता नलकूप खंड रजनीश सिंह राणा, बीएसए संदीप कुमार, चकबंदी अधिकारी संतोष तिवारी, जिला कृषि अधिकारी संतलाल गुप्ता, एई जल निगम सर्वेश कुमार, अभिहित अधिकारी खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन उमेश प्रताप सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी वेद प्रकाश मिश्र, आरईडी जेई वेद प्रकाश सक्सेना, सहायक अभियंता आरईडी अभिषेक कुमार व जेई आरईडी गौरव यादव को एसडीएम सदर ने नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।