नेटवर्क आने के बाद डीएल के लिए टेस्ट लेते एआरटीओ संजय कुमार झा।
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कन्नौज। नेटवर्क खराब होने से एआरटीओ को पांच दिन में तकरीबन सात लाख की चपत लग गई। शनिवार को नेटवर्क ठीक हुआ तो फाइलें आगे बढ़ सकीं। आवेदकों के काम निपटाए गए। वाहनों के पंजीकरण समेत ट्रांसफर व ड्राइविंग लाइसेंस बनाने का काम किया गया।
पांच दिन से एआरटीओ कार्यालय में नेटवर्क समस्या चल रही थी। यह छठवें दिन ठीक हुई। जानकारी पर आवेदकों की भीड़ लग गई। नेटवर्क खराब होने से विभाग को करीब सात लाख रुपये की क्षति हुई है। 500 ड्राइविंग लाइसेंस के आवेदन लटक गए। बाबू को परीक्षा की तिथि बदलनी पड़ी। सभी को अलग-अलग तारीख दी गई। एआरटीओ संजय कुमार झा ने परीक्षा पटल पर खड़े होकर डीएल आवेदकों के काम निपटवाए। फेल होने पर अगली तारीख दी गई। उन्होंने पटलों का निरीक्षण किया। सभी बाबुओं को निर्देश दिए कि काम में किसी तरह की लापरवाही न बरतें। कोई आवेदक पटल के सामने खड़ा दिखे तो उसकी फाइल लेकर आगे की प्रक्रिया पूरी करें। फाइल को रोका न जाए।
एआरटीओ ने बताया कि पांच दिन में विभाग को खासा नुकसान हुआ है। कई जरूरी काम नहीं हो सके। सबसे अधिक दिक्कत आवेदकों को हुई। अब नेटवर्क की समस्या से निजात मिल गई है। शनिवार को पूरे दिन बाबू पटल पर बैठ कर काम निपटाते रहे। 27 फरवरी को नेटवर्क की समस्या के चलते एआरटीओ कार्यालय में आवेदकों ने प्रदर्शन कर हंगामा किया था।