कन्नौज। घरों में फ्रिज की ट्रे में भर रहे पानी में मच्छरों का लार्वा पनप रहा है। जिले में स्वास्थ्य टीम को बड़ी संख्या में घरों में लार्वा मिल रहा है। विभाग की ओर से नोटिस जारी करने के साथ ही फ्रिज की ट्रे को सप्ताह में एक दिन साफ करने की अपील की। अब तक 99 लोग डेंगू से पीड़ित हो चुके हैं। इनमें शुक्रवार को सात लोगों को डेंगू की पुष्टि हुई है।
शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में घरों के साथ बाहर भरा पानी लोगों के लिए आफत बन रहा है, जिसमें मच्छरों का लार्वा पनप रहा है और मच्छर लोगों को डंक मार रहे हैं। गुरुवार तक 92 लोग डेंगू से पीड़ित हुए थे। इनमें सबसे अधिक संख्या उमर्दा और कन्नौज शहर में है, जहां पर भी डेंगू से पीड़ित लोग मिल रहे हैं। वहां पर मलेरिया विभाग की ओर से फॉगिंग व दवाइयों का छिड़काव कराया जा रहा है।
सीएमओ डॉ. विकास चंद्रा ने बताया कि गांव में जलभराव में तो मच्छरों का लार्वा मिल ही रहा है। साथ ही, घरों में रखे फ्रिजों की ट्रे में भी लार्वा मिला है। लोगों से फ्रिज की ट्रे को सप्ताह में एक बार साफ करने की अपील की जा रही है।
फोटो :40: ग्राम जनेरी में शिविर में मरीजों का परीक्षण करते स्वास्थ्यकर्मी। स्रोत : विभाग
मौत के बाद जागा स्वास्थ्य विभाग, जनेरी गांव में लगाया शिविर
ठठिया। उमर्दा ब्लॉक की भुन्ना पंचायत के जनेरी गांव में बुखार से महिला की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया। गांव में 50 लोगों के बुखार की चपेट में आने की सूचना पर शुक्रवार को टीम ने शिविर लगाकर जांच की और दवाएं बांटी। सीएमओ डॉ. विकास चंद्रा ने पहुंचकर शिविर का निरीक्षण किया। ग्रामीणों का आरोप है कि शिकायतों के बावजूद सफाई, जलनिकासी, फॉगिंग और एंटी लार्वा छिड़काव नहीं हुआ। गंदगी और जमा पानी से मच्छरों का प्रकोप बढ़ा है। गांव की आशा कटियार (55) की कानपुर में बुखार से मौत हो गई, जबकि पति अनिल कटियार और नाती एवी कटियार का इलाज चल रहा है।
74 मरीजों को दी दवा, 60 के सैंपल लिए
स्वास्थ्य विभाग ने शिविर में 74 मरीजों को दवा दीं और 60 लोगों के ब्लड सैंपल लिए। इसमें चार मरीजों के सैंपल डेंगू की जांच के लिए भेज गए हैं। सीएमओ ने स्वास्थ्यकर्मियों को इलाज और रोकथाम के निर्देश दिए। टीम में डॉ. अमृत सिंह, फार्मासिस्ट देवेंद्र त्रिवेदी, लैब टेक्नीशियन उपेंद्र कुमार, आशा रीना कटियार और वार्ड बॉय नरेंद्र सिंह मौजूद रहे।
सफाई से ही बचेगी जान
गांव में डेंगू का कारण जलभराव और गंदगी है। स्वास्थ्य विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि घरों में पानी जमा न होने दें, कूलर, गमलों और बर्तनों की नियमित सफाई करें। मच्छरदानी का प्रयोग करें और बुखार होने पर तुरंत जांच कराएं। थोड़ी सी सावधानी और साफ-सफाई से ही डेंगू जैसी बीमारी को हराया जा सकता है।