कलक्ट्रेट में शनिवार को विधान परिषद चुनाव को लेकर
मतदान अधिकारियों को प्रशिक्षण देकर उन्हें मतदान की बारीकियों से अवगत
कराया गया। एमएलसी चुनाव का जिला प्रशासन ने पूरा खाका तैयार कर लिया है।
फर्रुखाबाद-इटावा की सीट पर तीन मार्च को मतदान होना है। इसके लिए 12
स्टेटिक, 10 सेक्टर और तीन जोनल मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई।
मतदान
के लिए जिले में 10 बूथ बनाए गए हैं। इनमें 1137 मतदाता अपने मताधिकार का
प्रयोग करेंगे। कलक्ट्रेट में हुए प्रशिक्षण के दौरान सीडीओ उदयराज यादव ने
मतदानकर्मियों को बताया कि उन्हें सर्वप्रथम मतदाता की पहचान करनी होगी।
इसके लिए मतदाता सूची से मिलान किया जाए। सभी मतदाता एक पर्ची लेकर आएंगे,
उस पर्ची में पूरा विवरण अंकित होगा।
इन पर्चियों में किसी राजनैतिक दल का
नाम अंकित नहीं होगा। मतदान अधिकारी क्रमांक पढ़ने के बाद मतदाता को मतपत्र
व बैगनी रंग का स्केच पेन मुहैया कराएंगे। प्रशिक्षक एनसी टंडन ने कहा कि
उम्मीदवार के नाम के सामने वोटरों को वरीयता क्रम के हिसाब से चुनना होगा।
जिस उम्मीदवार को वोट देना चाहे तो उसके नाम के आगे एक अंक लिखना होगा।
शेष
उम्मीदवारों के सामने दो, तीन, चार अंक दर्ज कर सकते हैं। किसी बैलेट पेपर
पर मतदाता अपना नाम व अंगूठे की छाप नहीं लगाएगा। उधर, शांतिपूर्ण ढंग से
संपन्न कराने के लिए जोनल व सेक्टर मजिस्ट्रेटों की तैनाती कर दी गई है।
इसके अलावा स्टेटिक मजिस्ट्रेट भी लगाए गए हैं। इटावा-फर्रुखाबाद सीट पर
चारों जिलों में 4304 मतदाता हैं।
इनमें एक सांसद, तीन विधायक व एक एमएलसी
शामिल हैं। उधर, निरक्षर वोटरों के लिए प्रशासन ने वैकल्पिक व्यवस्था कर ली
है। एडीएम संतोष कुमार वैश्य ने बताया कि यदि कोई मतदाता शिक्षित नहीं है
और वोट डालने के लिए किसी हेल्पर की मांग करता है तो ऐसे सभी मतदाता 29
फरवरी की शाम चार बजे तक उनके कार्यालय में फार्म-14 क जमा कराकर अनुमति
प्राप्त कर लें।