थानाक्षेत्र के सिघनापुर में ढाई वर्षीय मासूम ने धोखे से केरोसिन पी लिया है। मेडिकल कालेज से उसे कानपुर रेफर किया गया। इलाज के दौरान मौत हो गई। पुत्र की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया।
सिंघनापुर गांव निवासी रामविलास के घर में उनकी पत्नी भूरी रविवार को गोबर से आंगन लीप रही थी। बरामदे में अर्पित (3) खेल रहा था। अचानक अर्पित ने केरोसिन का पीपी झुकाकर केरोसिन पीने लगा। केरोसिन की गंध पर भूरी देवी दौड़ पड़ी। तबतक अर्पित की हालत बिगड़ चुकी थी। परिजन मासूम को मेडिकल कालेज तिर्वा लेकर गए। हालत में सुधार न होने पर उसे कानपुर रेफर किया गया था। इलाज के दौरान उसकी संजीवनी नर्सिंग होम में मौत हो गई। सोमवार को शव घर आते ही कोहराम मच गया।
चार बहनों में इकलौता था अर्पित
अर्पित की मौत से रामविलास के घर का चिराग बुझ गया। राम विलास के घर में पूजा, पूनम, निशा व नीलम के बाद अर्पित पैदा हुआ था। चार बहनों में वह इकलौता भाई था। भूरी देवी बताती हैं कि बड़ी मिन्नतों के बाद भगवान ने उसे एक पुत्र दिया था। वह भी काल ने उससे छीन लिया है। वहीं, भाई की मौत से बहनें पूजा, पूनम, निशा, नीलम भाई के शव पर विलाप कर रही थी।