गुरसहायगंज। बाल श्रमिकों को मुक्त कराने पहुंचे श्रम प्रवर्तन अधिकारी की दुकानदारों से तीखी नोकझोंक हो गई। अधिकारी ने पुलिस को जानकारी दी और दो कार्रवाई की, लेकिन बाद में कागजों में दोनों बालिग निकले, जिस पर कार्रवाई निरस्त कर दी गई।
प्रतिष्ठानों पर काम करने वाले बाल श्रमिकों को मुक्त कराने के लिए श्रम प्रवर्तन अधिकारी कीर्ति कुरील ने टीम के साथ गुरसहायगंज कस्बा के जीटी रोड स्थित दो दुकानों पर छापा मारा। इलेक्ट्रिक की एक दुकान पर श्रमिक के काम करते हुए मिलने पर श्रम परिवर्तन अधिकारी ने कार्रवाई शुरू कर दी। दुकानदार ने श्रमिक के बालिग होने की बात कही, इसके बावजूद श्रम प्रवर्तन अधिकारी ने कागजी कार्रवाई शुरू कर दी, जिसको लेकर दुकानदार की उनसे तीखी झड़प हो गई।
मौके पर दुकानदारों की भीड़ लग गई और वह लोग इस कार्रवाई का विरोध करने लगे। मामला बिगड़ता देख अधिकारी ने कस्बा चौकी प्रभारी रोबिन सिंह को पुलिस बल के साथ मौके पर बुला लिया। इसके बाद कुछ दुकान पर संचालक के पुत्र के बैठे होने पर वहां भी कागजी कार्रवाई की। विरोध होता देख श्रम परिवर्तन अधिकारी चली गई और बाद में दोनों दुकानदार उनके कार्यालय पहुंचे और बालिग होने का प्रमाण पत्र दिया, जिस पर कार्रवाई को निरस्त कर दिया गया। श्रम प्रवर्तन अधिकारी ने बताया कि एक प्रतिष्ठान पर संचालक का पुत्र बैठा था, जबकि दूसरे पर काम करने वाला श्रमिक 20 वर्षीय युवक था। इसलिए कार्रवाई निरस्त कर दी गई।