गुरसहायगंज(कन्नौज)। फर्रुखाबाद से बुक कर लाई गई बोलेरो से खाद व्यापारी और पल्लेदार को अगवा किया गया है। अपहर्ताओं ने बोलेरो चालक को भी कब्जे में ले रखा है। खाद व्यापारी और पल्लेदार के अपहरण में पुलिस को कुछ अहम सुराग मिले हैं। अपहर्ताओं तक पहुंचने के लिए पुलिस ने कई टीमें लगाई हैं। वहीं अपहर्ताओं ने फिरौती की रकम को तीस लाख से दस लाख कर दिया है। कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पुलिस पूछताछ की जा रही है।
कस्बे के मोहल्ला पटेल नगर के विकास गुप्ता की मुरादगंज में खाद की दुकान है। गुरुवार देर रात चचेरे भाई रजनीश गुप्ता के पास आए फोन के बाद विकास मुरादगंज के पल्लेदार असलम के साथ खाद की बोरी देने दुकान पर गए थे। यहां बोलेरो सवार बदमाशों ने दोनों का अपहरण कर लिया। देर रात घटना के बाद एसपी प्रशांत वर्मा एएसपी डॉ. अरविंद कुमार, सीओ सदर शिव प्रताप सिंह, स्वाट टीम और सर्विलांस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। अपहर्ताओं की तलाश शुरू की गई। पता चला है कि करीब पांच-छह लोगों ने पड़ोसी जनपद फर्रुखाबाद से बोलेरो बुक की थी। इसी से घटना को अंजाम दिया गया है। घटना के बाद पल्लेदार असलम के फोन से पहली कॉल विकास के भाई अंकित गुप्ता को की गई। इसमें 30 लाख रुपये फिरौती मांगी गई थी। इसके बाद फोन स्विच ऑफ हो गया।
देर रात बदमाशों ने विकास के चचेरे भाई रजनीश गुप्ता को फोन कर 30 लाख रुपये की फिरौती मांगी। यह फोन नंबर वही था, जिससे खाद की मांग की गई थी। वहीं पूरी रात पुलिस और परिजन आसपास क्षेत्र में दोनों को ढूंढते रहे। सुराग नहीं लगा। शुक्रवार सुबह रजनीश के मोबाइल पर बदमाशों के फोन आने शुरू हो गए। देर शाम तक फिरौती की रकम 30 से घटकर 10 लाख रुपये रह गई। बदमाश रुपये देने के एक घंटे बाद दोनों युवकों को मुक्त करने का आश्वासन दे रहे हैं। जगह नहीं बताई है।
बदमाशों का फोन नंबर ट्रूकॉलर एप पर जयेश भाई का नाम दिखा रहा है। अंग्रेजी में भाई को बीएचआई यानी भी लिखा गया है। सूत्रों के मुताबिक बदमाशों ने फर्रुखाबाद से बोलेरो को किराये पर बुक किया था। चालक को कब्जे में लेकर बदमाश खुद बोलेरो चला रहे हैं। वहीं एएसपी डॉ. अरविंद कुमार, सीओ सदर शिव प्रताप सिंह और सीओ तिर्वा ने कोतवाली में बैठक कर आगे की रणनीति बनाई है।