कन्नौज। जमीन न मिलने की वजह से छह ब्लॉक क्षेत्रों की 18 ग्राम पंचायतों में मिनी सचिवालय (पंचायत भवन) नहीं बन पा रहे हैं। अब यहां भूमि खरीदने के लिए हरी झंडी मिल गई है। शासनादेश आने के बाद एडीएम की अध्यक्षता में पांच अधिकारियों की कमेटी भी गठित हो गई है।
जनपद में 499 ग्राम पंचायतें हैं। पंचायती राज कार्यालय की मानें तो 265 पुराने पंचायत घरों को दुरुस्त करा दिया गया है। 234 नए बनने थे, जिसमें 18 ग्राम पंचायतों को जमीन न मिलने की वजह से मिनी सचिवालय नहीं बन सके। कुल 471 पंचायत भवन बनकर तैयार हो गए हैं। 10 स्थानों पर निर्माण कार्य प्रगति पर है। डीपीआरओ की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि 15वें केंद्रीय वित्त आयोग में अनटाइड/राज्य वित्त और स्वयं के स्रोत की आय (ओएसआर) की धनराशि से आबादी के पास और आने-जाने के सही मार्ग के 500 मीटर दायरे या फिर निजी जमीन, नीति और शासनादेश के तहत भूमि की खरीद की जाए। डीपीआरओ जेके मिश्र ने सभी एडीओ पंचायत को जारी किए पत्र में कहा है कि लघु परियोजना के लिए 10 करोड़ तक की जमीन खरीदने के लिए अनुमोदन समिति गठित की जाती है। उसमें एडीएम राजस्व एवं वित्त गजेंद्र कुमार अध्यक्ष, डीपीआरओ सदस्य सचिव, एसडीएम, सब रजिस्ट्रार व उप भूमि अयाप्ति अधिकारी को सदस्य बनाया गया है।
इन ग्राम पंचायतों को नहीं मिली भूमि
ब्लॉक कन्नौज क्षेत्र की ग्राम पंचायत महमूदापुर, डहलेपुर बांगर व खजुहा, गुगरापुर क्षेत्र के गोसाईंदासपुर, हसेरन इलाके के खरगपुर बिलंदपुर, अरुहो, एराहो, तरींद व गोपालपुर, उमर्दा के कलुआपुर व सतसार, सौरिख के बौथम, कटिघरा व सरदापुर, छिबरामऊ के असेह, जगदीशपुर, बरुआ सबलपुर व सरायगूजरमल में जमीन न मिलने से मिनी सचिवालय नहीं बन पाए हैं।