घर से किसी बात को लेकर 23 फरवरी को भागकर कन्नौज आ गये नोएडा के बच्चे को बाल कल्याण समिति ने जांच-पड़ताल के बाद परिजनों के सुपुर्द कर दिया। बच्चे को पाकर परिजनों के चेहरे खिल उठे।
23 फरवरी को कालिंदी एक्सप्रेस में चेकिंग के दौरान जीआरपी को एक बच्चा मिला था। उसे ट्रेन से उतारकर बाल कल्याण समिति को सौंप दिया। बच्चे के परिजनों की काफी खोजबीन की गई, लेकिन बच्चा घर का सही पता बता पाने में असमर्थ रहा। समिति ने उसे शांति देवी मेमोरियल शिशु गृह रनिया कानपुर देहात भेज दिया था। बाल संरक्षण अधिकारी विजय कुमार राठौर ने बताया कि नोएडा से भागकर आए सात वर्षीय राज के पिता मुरारी ने बताया कि वह शारदा यूनीवर्सिटी में पुताई का काम करता है।
कानपुर से गए किसी व्यक्ति ने बताया कि अमर उजाला में छपी खबर में देखा था कि नोएडा का बच्चा शिशुगृह भेजा गया है। बच्चे को पहचानने पर बाल संरक्षण अधिकारी की सहमति पर सामाजिक कार्यकर्ता रूबी पाल को शिशु गृह भेजकर बच्चे को उसके पिता के सुपर्द कर दिया गया।