छिबरामऊ। स्वयं सहायता समूह से महिलाओं को जोड़कर उनको स्वावलंबी बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं। विकास खंड में 15 नवंबर तक समूहों की 550 पत्रावलियां तैयार की जानी हैं, जिससे महिलाओं को स्वरोजगार के लिए बैंक से कर्ज मिल सके।
स्वयं सहायता समूहों को वित्तीय गतिविधियों से जोड़ने के लिए उनका कैश क्रेडिट लिमिट (सीसीएल) कराया जाना जरूरी है। इससे समूह से जुड़ी महिलाओं को आजीविका संबंधी गतिविधियों को बल मिलेगा। सोमवार को उपायुक्त श्रम रोजगार के निर्देश पर एडीओ आईएसबी अनिल कुमार ने छिबरामऊ देहात व विशुनगढ़ क्लस्टर में बैठक कर बीएमएम, समूह सखी, बैंक सखी को प्रतिदिन सीसीएल के लिए 15 पत्रावलियां तैयार कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि हर रोज एक क्लस्टर से 15 पत्रावलियां तैयार कर उनको ऑनलाइन कराएं और उनकी हार्ड कॉपी बैंक में जमा कराएं। पत्रावलियां बैंक पहुंचने पर समूह को कर्ज दिया जाएगा, जिससे महिलाएं खुद का रोजगार शुरू कर अपनी आमदनी का जरिया खड़ा कर सकेंगी। इस दौरान बीएमएम अभिषेक कुमार, श्याम कुमार सिंह व रोली मौजूद रहीं।