हिम्मतनगला गांव में एमओआईसी की अगुवाई में पांच
सदस्यीय स्वास्थ्य टीम ने बीमार लोगों का परीक्षण कर दवाएं बांटी और
साफ-सफाई रखने की भी ग्रामीणों को सलाह दी गई।
अमर उजाला ने 23 अक्तूबर
के अंक में डेंगू से युवक के मरने व कई चपेट में होने की खबर प्रकाशित
होने के बाद तालग्राम सीएचसी प्रभारी डॉ. अजय यादव के साथ डॉ. महेंद्र
सिंह, डॉ. बाबूराम, एलटी आशीष कुमार, बृजेंद्र सिंह की टीम ने जधइया ऊसर के
प्राथमिक स्कूल में शिविर लगाकर लोगों का चेकअप कर स्लाइड बनाई।
गांव के
बीमार लोगों में बीना (22), अंजलि (16), मीरा (23), नेकराम (62), विपिन
(16), जसवंत (64), सावित्री (35), लीलावती (61), मोनू (19), शिखा (पांच),
शिवानी (आठ), राजरानी (60), अंजलि (छह), अमर सिंह (45), शांति देवी (52),
माधुरी (35) समेत करीब चार दर्जन लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण कर खून की
स्लाइड बनाकर जांच को भेजी गई है।
बताया गया कि यह मरीज बुखार, खांसी,
जुकाम आदि रोग से पीड़ित निकले हैं। उनके उपचार के रूप में दवाइयां भी
बांटी गईं। इस मौके पर ग्राम प्रधान प्रतिनिधि प्रभात कुमार, पंकज यादव,
विकास यादव, अजमेर सिंह, रामू आदि लोग मौजूद थे। उधर, शुक्रवार को डेंगू का
कोई नया मरीज नहीं मिला है।
पहले वाले ही मरीज डेंगू से पीड़ित हैं।
उन्होंने डेंगू से बचने के उपाय भी बताए और कहा कि आसपास मच्छरों को पनपने न
दें। सफाई पर विशेष ध्यान रखें। गड्ढे में पानी भरा होने पर केरोसिन का
छिड़काव करें। पूरे कपड़े व जूते-मोजे भी पहनें, क्योंकि दिन में ही डेंगू
का मच्छर काटता है। खानपान का विशेष ध्यान रखते हुए मच्छरदानी का प्रयोग
सोते समय करें।