एक साथ चार किशोरों की मौत से पूरा गांव तड़प उठा। वहीं मेडिकल कालेज में रखे शवों के पास बिलख रहे परिजनों से लोगों की आंखें नम हो गईं। शव उठाने को लेकर ग्रामीणों की पुलिस से नोकझोंक भी हुई। कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
कोतवाली क्षेत्र के रतापुर्वा गंाव निवासी अंकित(15) पुत्र शिवनाथ, मुनेंद्र (15) पुत्र उदयवीर, कपिल (14) पुत्र अवधेश कुमार, उदित कुमार(16) पुत्र छोटेलाल रविवार रात करीब दस बजे सगरा गांव में आयोजित भंडारे से एक ही बाइक से गांव लौट रहे थे। बछर्जापुर गांव के निकट तिर्वा कस्बे के शुक्ला होटल के पास राहगीर को टक्कर मार कर भाग रही बोलेरो का पुलिस पीछा कर रही थी। पुलिस जीप को आता देखकर चालक ने रफ्तार तेज कर दी। इस दौरान बोलेरो चालक इंदरगढ़ निवासी सचिन गुप्ता पुत्र प्रदीप कुमार गुप्ता ने नियंत्रण खो दिया था। बेकाबू बोलेरो ने बछर्जापुर गांव के पास किशोरों की बाइक में टक्कर मार दी। हादसे में चारों की मौत हो गई थी। हादसे के बाद बोलेरो पलट गई। इससे चालक समेत बहोसी गांव निवासी संदीप पुत्र जगत सिंह व श्याम पुत्र इंद्रभान घायल हो गए। चार किशोरों की मौत की खबर पर सैकड़ों ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। इन्होंने हंगामा शुरू कर दिया। मामले की जानकारी पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेने का प्रयास किया तो ग्रामीण भड़क गए। इनकी पुलिस से नोकझोंक हुई। पुलिस अधिकारियों ने समझा-बुझाकर शांत कराया। शवों को मेडिकल कालेज में रखवाया गया। यहां परिजनों की चीख-पुकार और सिसकियों से हर किसी की आंख नम हो गई। सोमवार सुबह पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतक अंकित के पिता शिवनाथ की तहरीर पर पुलिस ने बोलेरो चालक सचिन गुप्ता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। वहीं बोलेरो सवार संदीप और श्याम को इलाज के लिए कानपुर रेफर कर दिया गया।
चार मौतों से गांव में पसरा सन्नाटा
बोलेरो की टक्कर से एक साथ एक ही गांव के चार किशोरों की दर्दनाक मौत से पूरे गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। चारों मृतकों के घर चूल्हे नहीं जले। ग्रामीणों ने बताया कि चारों गहरे दोस्त थे। हर जगह साथ-साथ ही जाते थे।