जिले के सबसे व्यस्त रूट कन्नौज-तिर्वा मार्ग पर मुख्यमंत्री ने ओवरब्रिज बनाए जाने की मंजूरी दे दी है। करीब 24 करोड़ की लागत से बनने वाले ओवरब्रिज के लिए शासन ने पहली किश्त के रूप में 4 करोड़ 84 लाख की धनराशि अवमुक्त कर दी है। सेतु निगम के मुताबिक एक माह के भीतर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
तिर्वा-कन्नौज मार्ग पर रेलवे क्रासिंग चौपहिया व दुपहिया वाहनों के लिए सबसे बड़ा अवरोध है। इस रेलवे ट्रैक से प्रतिदिन दो दर्जन से अधिक मालगाड़ी, प्रतिदिन चलने वाली ट्रेनें एवं साप्ताहिक ट्रेनें गुजरती हैं। इसके चलते अक्सर क्रासिंग बंद रहती है।
कई बार ट्रेनों को पास कराने की स्थिति में आधा घंटे तक रेलवे फाटक बंद रहता है। फाटक बंद होने से दोनों तरफ आधा से एक किलोमीटर तक वाहनों की कतार लग जाती है। फाटक खुलने पर पहले निकलने की होड़ में जाम की स्थित पैदा होती है।
यातायात सामान्य करने के लिए ट्रैफिक सिपाहियों को पूरे दिन इधर-उधर भाग-दौड़ करनी पड़ती है। कई वर्षो से रेलवे क्रासिंग पर ओवरब्रिज बनाए जाने की मांग चल रही थी। पिछले दिनों सेतु निगम विभाग ने मिट्टी की जांच भी पूरी करा ली। इसमें पिलर पर ब्रिज बनाए जाने की अनुमति प्रदान की गई थी।
प्रदेश के मुख्यमंत्री ने नए वर्ष पर शहर वासियों को ओवरब्रिज की सौगात प्रदान की है। ओवरब्रिज बन जाने से शहर के लोगों को जाम की झाम से निजात मिलेगी। यह रूट सुबह दस बजे से लेकर दोपहर एक बजे तक सबसे अधिक व्यस्त रहता है।
सेतु निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर गेंदलाल ने बताया कि मुख्यमंत्री ने ओवरब्रिज बनाए जाने की स्वीकृति प्रदान कर दी है। शासन से पहली किश्त के रूप में 4 करोड़ 84 लाख की धनराशि भी प्राप्त हो गई। ड्राइंग का कार्य लगभग पूर्ण है। पैदल यात्रियों के लिए दोनों तरफ रोड बनाया जाएगा।