कासिमपुर गांव के किनारे तक पहुंचा गंगा का पानी।
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कन्नौज । नरौरा बांध से पानी छोड़े जाने, पहाड़ों और मैदानी क्षेत्र में भीषण बारिश से गंगा का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। 24 घंटे में मेहंदीघाट पर गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से 70 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया। अब यह खतरे की ओर बढ़ रहा है। दूसरी ओर जिला प्रशासन की तैयारियां अधूरी दिख रही हैं। चार गांवों के किनारों पर गंगा का पानी आ चुका है।
बुधवार को 24 घंटे में गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु से 70 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया। शाम छह बजे जलस्तर 124.700 मीटर मापा गया। यह चेतावनी बिंदु से 70 सेंटीमीटर ऊपर है। मेहंदीघाट पर गंगा का चेतावनी बिंदु 124.000 और खतरे का निशान 125.970 मीटर पर है। बढ़ते जलस्तर की वजह से मेहंदी घाट के पक्का घाट की तीन सीढ़ियां डूबने से बची हैं। कन्नौज और हरदोई दोनों ओर के श्मशान घाट पूरी तरह डूब चुके हैं। दाह संस्कार ऊपर बने पक्के घाट परिसर में हो रहा है। जलस्तर बढ़ने से गंगा किनारे बसे कासिमपुर, मेहंदीपुर, गुमटियां और चौरा चांदपुर गांव के करीब तक पानी पहुंच चुका है। ऐसे में जलस्तर खतरे के निशान को पार करता है तो कासिमपुर गांव में सबसे पहले पानी घुसेगा।
कासिमपुर गांव के रामनरेश का कहना है कि गंगा का जलस्तर नरौरा से पानी छोड़े जाने की वजह से बढ़ रहा है। यह इसी रफ्तार से बढ़ता रहा तो गांव में पानी घुसने पर दिक्कत हो जाएगी। गांव के मुकेश का कहना है कि प्रशासन ने किनारे बसे लोगों को समय रहते जरूरी सामान सुरक्षित रख लेने के लिए कह दिया है। नदी का पानी करीब आ जाने से गांव के लोगों को रात में चैन की नींद नहीं आ रही है। बहकर आने वाले कीड़ों से लोग डर रहे हैं।
डीएम राकेश कुमार मिश्र का कहना है कि जिला प्रशासन गंगा के जलस्तर पर नजर रख रहा है। एसडीएम व तहसीलदार को गंगा के किनारे के गांवों के लोगों को सजग करते रहने के लिए कहा गया है। गांव में पानी घुसता है तो फ्लड यूनिट, पीएसी व पुलिस लोगों की मदद के लिए तुरंत पहुंचेगी।