कन्नौज। कृषि अधिकारी ने गुरुवार को आठ दुकानों पर छापा मारा। इसमें एक दुकान से खाद का नमूना लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिया। अधिकारी ने किसानों को नैनो उर्वरकों के प्रयोग के लिए प्रेरित किया।
कृषि अधिकारी संत लाल गुप्ता ने विक्रेताओं को निर्देश दिए कि किसानों को निर्धारित दाम पर खाद दें। अधिक दाम में खाद बेचने वाले विक्रेताओं के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। अगौस और विजनापुर समिति पर जाकर किसानों को डीएपी पर निर्भरता कम करने की सलाह दी। मृदा परीक्षण रिपोर्ट की संस्तुतियों के आधार पर ही फाॅस्फेटिक खादों एनपीके, सिंगल सुपर फाॅस्फेट एवं पोटाश आदि खादों का प्रयोग करने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि बोआई के समय फाॅस्फोरस और पोटाश की पूरी मात्रा देना चाहिए। डीएपी में मात्र नाइट्रोजन और फाॅस्फोरस पोषक तत्व ही मिलता है। एनपीके खाद में नाइट्रोजन, फाॅस्फोरस एवं पोटाश की संतुलित मात्रा का मिश्रण होता है। इसके प्रयोग से फसल की उपज और गुणवत्ता में वृद्धि, पौधों के मजबूत विकास, फूलने और फलने को बढ़ावा देना, रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाना और मिट्टी की उर्वरता में सुधार होता है।