जसोदा में रविवार को हुए ट्रेन हादसे के बाद मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) चंद्रमोहन जिंदल देर रात कन्नौज पहुंचे। उन्होंने पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। रेलवे के डाक्टरों की टीम के साथ जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों को बेहतर उपचार दिलाने का प्रयास किया। घायलों के परिजनों को पांच-पांच हजार रुपये की आर्थिक मदद भी प्रदान की।
डीआरएम के साथ रेलवे डाक्टर वी.लाल, असिस्टेंट कामर्सियल मैनेजर सुशील कुमार शंखवार, मंडल रेल निरीक्षक आरके झा, रेलवे ठेकेदार आशू मिश्रा, मंडल वाणिज्य निरीक्षक वीएल मीणा समेत दर्जनों अधिकारी रेलवे की मेडिकल टीम के साथ जिला अस्पताल पहुंचे। इमरजेंसी में उपचार करा रहे सभी मरीजों से एक-एक करके मुलाकात की। उन्हें बेहतर उपचार का भरोसा दिलाया।
सरकारी सूची के अनुसार अस्पताल में भर्ती किए गए 22 घायलों में से मौके पर मिले 15 घायलों के परिजनों को तत्काल 5-5 हजार रुपये आर्थिक सहायता के तौर पर प्रदान किए। जिन गंभीर मराीजों को कानपुर रेफर किया गया था, उन्हें मंडल वाणिज्य प्रबंधक नीलिमा सिंह ने अस्पताल पहुंचकर मदद दिलाई। बाद में डीआरएम ने जसोदा पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने विभागीय अफसरों को पूरे मामले को गंभीरता से लेकर ठोस कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही रेलवे ट्रैक की सुरक्षा के इंतजाम और बेहतर बनाने की बात कही।
आज आएंगे रेलवे के सीआरएस
रेल हादसे की गूंज रेलवे मंत्रालय तक पहुंची है। चीफ सुरक्षा अधिकारी (सीआरएस) मंगलवार को सुबह दस बजे कन्नौज रेलवे स्टेशन पर आएंगे। इसके बाद वह जसोदा जाएंगे। जिस स्थान पर हादसा हुआ है उसका स्थलीय निरीक्षण करेंगे। इसके बाद रेल पटरी की सुरक्षा के लिए खाली पड़े स्थान पर सुरक्षा दीवार या फिर लोहे के एंगल लगाने का फैसला लेंगे।
अज्ञात लोडर चालक के खिलाफ रिपोर्ट
जसोदा में ट्रेन हादसे का कारण बने लोडर चालक के खिलाफ रेलवे सुरक्षा बल और जीआरपी थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। लोडर चालक व मालिक का सुराग लगाने के लिए पुलिस टीमें सक्रिय हो गई हैं। आरपीएफ के कन्नौज थाना इंचार्ज एमके सिंह ने कहा कि विभागीय कानूनों के अनुसार अज्ञात लोडर चालक के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो गई है। लोडर मालिक के बारे में जानकारी जुटाने के लिए प्रयास तेज कर दिए गए हैं। आसपास के लोगों से भी पूछताछ की गई है। जल्दी ही लोडर मालिक व चालक को गिरफ्तार करके कानूनी कार्रवाई की जाएगाी।
डीआरएम ने दिए घटना की जांच के आदेश
जसोदा। घटनास्थल जसोदा स्टेशन पहुंचे मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) ने रेल हादसे की जांच के आदेश दिए हैं। जांच की जिम्मेदारी रेलवे फतेहगढ़ के अफसरों को सौंपी गई है। रेलवे सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जसोदा क्षेत्र में कार्यरत प्वाइंट मैन, गेटमैन अनिरुद्ध कुमार, स्टेशन मास्टर राजेंद्र सिंह को इस मामले में मंगलवार को फतेहगढ़ बुलाया गया है। डीआरएम के दौरे के बाद रेलवे के टीआई कन्नौज सुदर्शन लाल, टीआई फतेहगढ़ अवनीश कुमार श्रीवास्तव ने घटनास्थल पर पहुंचकर ट्रैक की जांच पड़ताल की
आननफानन में दो कर्मचारियों की गैंग लगाई हैं, जो क्षतिग्रस्त रेलवे प्वाइंट को दुरुस्त करने का काम पूरे दिन करते रहे। उधर गेटमैन अनिरुद्ध कुमार ने फतेहगढ अफसरों को भेजी रिपोर्ट में कहा कि घटना के तत्काल बाद मेमो जसोदा चौकी पुलिस को भेजा गया, लेकिन चौकी पुलिस ने मेमो लेने से इनकार कर दिया। इस पर जीआरपी व आरपीएफ को मेमो भिजवाया। यदि सिविल पुलिस मौके पर समय से पहुंच जाती तो लोडर चालक भाग न पाता। वहीं डीआरएम ने बताया कि पांच गंभीर घायलों को रेलवे की तरफ से 25 हजार रुपये मिलेगा।
मृतक की शिनाख्त हुई
जसोदा। रेल हादसे में मृत युवक की शिनाख्त अखिलेंद्र यादव पुत्र अतर सिंह निवासी मधईनगला पोस्ट रोहली थाना तालग्राम के रूप में हुई है। डीआरएम ने उसके परिवार को मदद के तौर पर 50 हजार रुपये की धनराशि देने की बात कही है।