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Kannauj News: कर्ज से परेशान टेंट हाउस संचालक ने फंदा लगाकर दी जान

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छिबरामऊ। कस्बे के पश्चिमी बाईपास बंबा के पास स्थित दुकान में टेंट हाउस संचालक ने फंदा लगाकर जान दे दी। दुकानदार ने सुसाइड नोट में ब्याज से परेशान होने की बात लिखी है। साथ ही, कॉपी पर हिसाब-किताब भी लिखा है। पुलिस जांच में जुटी है।
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ग्राम नौगाई निवासी मखदूम (55) पश्चिमी बाईपास के पास मिलन टेंट हाउस के नाम से दुकान चलाते थे। रविवार रात उन्होंने दुकान के अंदर लगे पंखे से टेंट हाउस की चादर से फंदा लगा लिया, जिससे उनकी मौत हो गई। सोमवार सुबह जब उनका बेटा आमिर दुकान खोलने पहुंचा तो पिता को फंदे से लटका देखा। आसपास के लोगों के सहयोग से परिजन ने फंदे से उतारकर मखदूम को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। बेटे आमिर ने भी सात कर्जदारों पर पिता को परेशान करने का आरोप लगाया है। कोतवाल कपिल दुबे ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया गया है। बेटे आमिर ने तहरीर में जो आरोप लगाए हैं, उनकी जांच कराई जा रही है। आरोप सही पाए जाने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

कमाई ब्याज में चली जाती, मूलधन कम ही नहीं हो रहा
मैं किसी का कर्जा देने लायक नहीं, जिस किसी से लिया दो गुना ब्याज दे चुका हूं। ब्याज वाले सभी परेशान किए हैं। यह शब्द जान देने से पहले टेंट हाउस संचालक ने सुसाइड नोट में लिखे हैं। अंतिम पन्ने पर तीन मई को सुसाइड नोट लिखकर अपनी व्यथा व्यक्त की है। संचालक ने आगे लिखा कि आप लोग जैसा चाहें, वैसा मेरे साथ व परिवार के साथ रहम करें। आप सभी एक फकीर को माफ कर दें, आपका बदनसीब लाचार मखदूम। इसके साथ ही आगे लिखा कि जितनी भी कमाई होती वो ब्याज में चली जाती है। मूलधन कम ही नहीं होता। हर साल ब्याज चढ़ जाता है। लॉकडाउन में ब्याज न दे पाया, रकम चार गुना हो गई। आज तीन महीने से हार्ट अटैक पड़ा, शरीर खराब हो गया। पैसों की वजह से दवाई भी नहीं ले पाया। दुकान चलती नहीं, पैसे कहां से दूं। तारीख के साथ टेंट हाउस संचालक ने अपना नाम लिखा है। कोतवाल कपिल दुबे ने बताया कि सुसाइड नोट और तहरीर के आधार पर मामले की जांच की जा रही है।
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