कोतवाली अंतर्गत चार दिन से लापता किसान का शव शनिवार को काली नदी में उतराता मिला। उसकी पीठ में अंगौछे से देसी बंदूक बंधी थी और शरीर पर चोटों के निशान थे। भाई ने हत्या की आशंका जताई है। उधर, पुलिस बंदूक मिलने की बात से इनकार कर रही है। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
छिबरामऊ कोतवाली की प्रेमपुर चौकी अंतर्गत ग्राम ब्राहिमपुर गढ़िया के पास काली नदी में शनिवार की दोपहर करीब 12 बजे एक ग्रामीण का शव उतराता देख ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव बाहर निकलवाया। काफी जद्दोजहद के बाद शव की शिनाख्त क्षेत्र के ग्राम दीनपुर निवासी नत्थू (45) पुत्र सियाराम बाथम के रूप में उसके भाई विनोद ने की। उसने बताया कि उसका भाई 26 अक्तूबर से लापता था। वह घर से खेत की तरफ जाने की बात कहकर निकला था। भाई की गुमशुदगी की सूचना कोतवाली पुलिस को नहीं दी थी।
ग्रामीणों के बीच चर्चा थी कि शव पर अंगौछे से देशी बंदूक बंधी थी। साथ ही उसके शरीर में चोट के निशान थे। लोगों के अनुसार, हत्या कर शव नदी में फेंका गया है। विनोद ने भाई की हत्याकर शव नदी में फेंके जाने की आशंका जताई है।
उसकी पत्नी गीता करीब दस साल पहले छोड़कर मायके चली गई थी। बच्चे नहीं हैं। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस संबंध में प्रेमपुर चौकी इंचार्ज अरिमर्दन सिंह का कहना है कि नदी से शव बरामद हुआ है, लेकिन बंदूक जैसी कोई चीज नहीं मिली है।
लोगों में चर्चा जरूर है। अभी शव पोस्टमार्टम के लिए भिजवाने की व्यवस्था में जुटे हैं। इसके बाद इस मामले की जांच करेंगे। अभी तहरीर भी नहीं मिली है। उन्होंने नदी में डूबने से होने मौत होने की आशंका जताई है। फिर भी पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही सही जानकारी हो सकेगी।