कन्नौज। तिर्वा कोतवाली क्षेत्र में करीब ढाई साल पहले हुए नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में कोर्ट ने एक युवक को उम्रकैद सुनाई है। साथ ही एक लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थ दंड की धनराशि पीड़ित को दिए जाने का आदेश भी कोर्ट ने दिया है।
शासकीय अधिवक्ता बृजेश कुमार शुक्ला ने बताया कि तिर्वा कोतवाली के अर्जुनपुर्वा गांव निवासी श्रीकृष्ण दोहरे 28 अगस्त 2019 को क्षेत्र के एक गांव में रहने वाले किसान के घर गया था। श्रीकृष्ण ने खुद को उनका रिश्तेदार बताया और रात को उनके घर में ही ठहरने की बात कही। किसान की सहमति के बाद श्रीकृष्ण घर में ठहर गया। रात को छत पर सो रही किसान की 11 वर्षीय बेटी के साथ श्रीकृष्ण दोहरे ने दुष्कर्म किया। अगले दिन सुबह पीड़ित नाबालिग ने परिजनों को घटना की जानकारी दी।
इसके बाद किसान ने तिर्वा कोतवाली में श्रीकृष्ण के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामले की विवेचना तत्कालीन कोतवाली प्रभारी टीपी वर्मा ने की थी। उन्होंने विवेचना में श्रीकृष्ण पर लगे आरोपों को सही पाया और उसके खिलाफ कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल किया। सोमवार को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट अपर सत्र न्यायाधीश गीता सिंह ने मामले की सुनवाई की। इस दौरान नौ गवाहों के बयानों और विधि विज्ञान प्रयोगशाला की रिपोर्ट के आधार पर श्रीकृष्ण को उम्रकैद की सजा सुनाई। शासकीय अधिवक्ता के मुताबिक कोर्ट ने अभियुक्त पर एक लाख रुपये का अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा न करने पर श्रीकृष्ण को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। अर्थदंड की धनराशि पीड़ित नाबालिग को देने का कोर्ट ने आदेश दिया है।