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छह-छह सीटों पर कांग्रेस और सपा की जमानत जब्त

Sat, 02 Dec 2017 11:41 PM IST
कन्नौज
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कांग्रेस - फोटो : self
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निकाय चुनाव में सपा के साथ कांग्रेस भी हाशिये पर चली गई। सात सीटों पर प्रत्याशी उतारने वाली कांग्रेस न तो एक सीट जीत सकी और न ही उसके प्रत्याशी जमानत ही बचा सके। सपा ने भी सात सीटों पर प्रत्याशी उतारे थे।
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इनमें से छह की जमानत जब्त हो गई। जिले की दो विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज करने वाली भाजपा भी चार निकायों में जमानत नहीं बचा सकी। बसपा के भी अध्यक्ष पद के पांच प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई।


जिले की तीन विधानसभा सीटों में से छिबरामऊ और तिर्वा पर भाजपा का कब्जा है। कन्नौज सदर सीट पर सपा ने कब्जा कर रखा है। निकाय चुनाव में भाजपा और सपा के प्रदर्शन पर सबकी नजर भी थी। शुक्रवार जैसे-जैसे मत पत्र पेटी से बाहर आने शुरू हुए, वैसे-वैसे इन पार्टियों के प्रत्याशियों की हालत पतली होती चली गई। भाजपा ने सौरिख और छिबरामऊ सीटों पर कब्जा तो किया लेकिन चार सीटों कन्नौज, समधन, तालग्राम और तिर्वा में इसके प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई।
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सिकंदपुर नगर पंचायत सीट से भाजपा ने प्रत्याशी नहीं उतारा था। विधानसभा चुनाव में कन्नौज सदर सीट पर जीत दर्ज करने वाली सपा का भी यहां जादू नहीं चला। पूर्व मुख्यमंत्री कर्मभूमि कही जाने वाले कन्नौज में सपा के छह प्रत्याशी जमानत नहीं बचा सके। इन सीटों में कन्नौज, छिबरामऊ, गुरसहायगंज, तालग्राम और तिर्वा सीटें शामिल हैं।


सपा ने सौरिख नगर पंचायत सीट पर प्रत्याशी नहीं उतारा था और बाकी सात सीटों पर चुनाव लड़ी थी। पिछले निकाय चुनाव में गुरसहायगंज और तालग्राम में सपा समर्थित उम्मीदवार जीते थे। इस बार ये दोनों सीटें भी पार्टी नहीं बचा सकी।

कांग्रेस ने भी सात सीटों पर उम्मीदवार मैदान में उतारे थे। सौरिख सीट कांग्रेस ने छोड़ दी थी। इन सात सीटों पर समधन को छोड़कर बाकी सभी यानि कन्नौज, गुरसहायगंज, छिबरामऊ, समधन, तिर्वा और सिकंदरपुर में कांग्रेस प्रत्याशी की जमानत जब्त हो गई।


बहुजन समाज पार्टी ने तालग्राम सीट को छोड़कर शेष सातों सीटों पर प्रत्याशी खड़े किए थे। बीएसपी ने यहां गुरसहायगंज नगर पालिका और समधन नगर पंचायत सीट पर जीत दर्ज की। शेष पांच सीटों पर उसके प्रत्याशी बहुमत बचाने के लिए जूझते रहे। जो उन्हें नहीं मिली।
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