आगामी सात फरवरी को होने वाले ब्लाक प्रमुख पद के
चुनाव को लेकर समाजवादी पार्टी ने जिले के सभी ब्लाकों में अपने अधिकृत
प्रत्याशियों की सूची तो घोषित कर दी है, पर सूची घोषित होने के बाद
उम्मीदवारों के चयन को लेकर उमर्दा, हसेरन और जलालाबाद ब्लाक में असंतोष के
भी स्वर फूटने लगे है।
पार्टी के ही कुछ दिग्गज अंदरखाने उम्मीदवारों के
चयन को लेकर अंगुुलियां उठा रहे हैं। चयन सूची के विरोध में कुछ असंतुष्ट
गुट के लोगों ने लखनऊ में पार्टी कार्यालय में भी डेरा डाल रखा है। इस
बाबत रविवार को एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए शहर में आए प्रदेश के
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से ब्लाक प्रमुख के असंतुष्ट चेहरों को मनाने के
बाबत पूछने पर कहा कि जो असंतुष्ट हैं, वह भी पार्टी के हैं।
उनको हर तरह
से मनाने का प्रयास किया जाएगा। कहा कि उम्मीद है कि अच्छा रिजल्ट आप सभी
के सामने होगा। ज्ञात हो कि समाजवादी पार्टी ने उमर्दा से सबसे प्रबल
दावेदार समझे जाने वाले समाजवादी पार्टी के तिर्वा विधानसभा क्षेत्र
प्रभारी अजय वर्मा को प्रत्याशी न बना लोहिया वाहिनी के जिलाध्यक्ष
इंद्रेश यादव को पार्टी का अधिकृत प्रत्याशी घोषित किया है।
इसी तरह से
जलालाबाद ब्लाक में पूर्व ब्लाक प्रमुख रजनीकांत यादव सबसे सशक्त दावेदार
समझे जाते थे। पार्टी ने उनके भाई का टिकट काटकर मुलायम सिंह यूथ ब्रिगेेड
के पूर्व जिलाध्यक्ष शोभित प्रताप सिंह को पार्टी का अधिकृत प्रत्याशी
घोषित किया है।
इसी तरह हसेरन ब्लाक में प्रदेश के माध्यमिक शिक्षा
राज्यमंत्री विजय बहादुर पाल के प्रबल समर्थक समझे जाने वाले उमाशंकर
बेरिया का टिकट काटकर योगेंद्र सिंह दिवाकर को प्रत्याशी बनाया था।
हालांकि, अब पार्टी ने यू टर्न लेते हुए हसेरन विकास खंड में सपा द्वारा
पूर्व घोषित प्रत्याशी योगेंद्र दिवाकर को विरोध के चलते प्रांतीय अध्यक्ष व
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बदल दिया है।
उनके स्थान पर उमाशंकर बेरिया को
पार्टी ने अधिकृत प्रत्याशी घोषित किया है। यह जानकारी जिलाध्यक्ष मुन्ना
दरोगा व महासचिव संजय दुबे ने देते हुए बताया कि प्रदेश सचिव एसआरएस यादव
ने उन्हें फैक्स भेजकर हसेरन प्रत्याशी बदलने की सूचना दी है। उधर, शादी
समारोह में शामिल होने आए सीएम ने भी असंतुष्टों को मनाने की कोशिश की बात
कहकर संकेत दिए हैं कि पार्टी असंतुष्टों की नाराजगी को दूर कर बवाल को
पूरी तरह से शांत कर देगी।