कन्नौज। जिला गंगा समिति, जिला स्वच्छता समिति एवं जिला पर्यावरण समिति की शुक्रवार को संयुक्त बैठक हुई। इसमें जिले को स्वच्छ, हरित एवं पर्यावरण की दृष्टि से सुदृढ़ बनाने के लिए महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा कर आवश्यक निर्देश दिए गए।
कलक्ट्रेट गांधी सभागार में डीएम आशुतोष मोहन अग्निहोत्री ने लोक निर्माण विभाग को निर्देशित किया कि महादेवी घाट पर बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों को शीघ्र ठीक कराया जाए। ताकि आमजन को आवागमन में कोई असुविधा न हो। कहा कि महादेवी घाट के सुंदरीकरण के लिए 8.50 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हो चुका है। शीघ्र ही कार्य प्रारंभ कराया जाएगा। उन्होंने सड़कों के किनारे कूड़ा, ई-वेस्ट एवं सॉलिड वेस्ट पाए जाने पर आपत्ति जताई और संबंधित विभागों को प्रभावी कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए।
पर्यावरण संरक्षण के तहत तिर्वा इंदरगढ़ मार्ग पर कूड़ा एकत्र पाए जाने पर कड़ी नाराज़गी व्यक्त करते हुए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को चालान की कार्रवाई तथा संबंधित अधिशासी अधिकारी को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। कहा कि प्रत्येक नगर निकाय क्षेत्र में एक पालिका, एक सरोवर योजना के तहत सरोवर चिन्हित कर उसके संरक्षण, पुनर्जीवन एवं विकास की कार्रवाई की जाए।
प्रभागीय वनाधिकारी हेमंत सेठ ने बताया कि इस वर्ष वन विभाग का 20 लाख पौधारोपण का लक्ष्य है तथा अन्य विभागों का लक्ष्य पूर्व वर्ष के समान रखा गया है। इसके लिए वन विभाग की पौधशालाओं में लगभग 56 लाख पौध तैयार किए जा रहे हैं। डीएम ने सभी विभागों को 15 दिनों के भीतर पौधारोपण के लिए स्थल चयन करने के निर्देश दिए। कहा कि मृत पौधों के स्थान पर नए पौधे लगाए जाएं तथा प्रत्येक स्थल की गणना पंजिका बनाई जाए। उन्होंने नदियों के किनारे सघन पौधारोपण कराने तथा राजस्व विभाग को ईशन एवं तिलखोर नदियों की पैमाइश शीघ्र कराने के निर्देश दिए। कहा कि खाली एवं अतिक्रमित भूमि को कब्जा मुक्त कराकर पार्क, सामुदायिक केंद्र विकसित किए जाएं।
सिंगल यूज प्लास्टिक के विरुद्ध अभियान चलाते हुए कार्रवाई की जाए। जल शोधन के संबंध में कहा कि गुगरापुर के फराहरन, चियासर, सद्दूपुर बांगर में फिल्टर चैंबर का निर्माण पूर्ण हो चुका है, जबकि सदर के दाईपुर, सकरीखुर्द में कार्य चल रहा है। उन्होंने काली नदी सर्वे में चिन्हित सिकंदरपुर, छिबरामऊ व समधन पर इसी प्रकार के प्राकृतिक फिल्टर चैंबर बनाने के निर्देश दिए। बैठक में जिला विकास अधिकारी नरेंद्रदेव द्विवेदी, उप निदेशक कृषि संतोष कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।