कन्नौज। अब हर आदमी के स्वास्थ्य का हिसाब-किताब सरकार रखेगी। गांव में ही पांच लाख तक का इलाज मिलेगा। इसके लिए जिले के 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और 20 उप स्वास्थ्य केंद्रों को हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के रूप में विकसित किया जाएगा। शासन की ओर से दो करोड़ की धनराशि आवंटित की गई है।
जिला अस्पताल, मेडिकल कालेज समेत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में आयुष्मान भारत की सफलता के बाद शासन ने योजना का विस्तार किया है। जिले के 20 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और इतने ही उप स्वास्थ्य केंद्र आयुष्मान भारत योजना के तहत हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर में तब्दील किए जाएंगे। कई जगह काम चल रहा है। शासन ने प्रत्येक प्राथमिक स्वास्थ्य को तीन लाख और उप स्वास्थ्य केंद्र को सात-सात लाख रुपये दिए हैं। निर्माण कार्य, वॉल पेंटिंग आदि की जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग को सौंपी है। वेलनेस सेंटर में तैनात महिला स्टाफ क्षेत्र में घर-घर जाकर परिवार के हर सदस्य की जांच करवाएगा। इनका डिजिटल और फिजिकल रिकार्ड भी रखेगा। डिजिटल रिकार्ड तैयार करने के लिए हर केंद्र पर दो टैबलेट दिए जाएंगे। वेलनेस सेंटर के आसपास के इलाके में रहने वाले तीस साल से अधिक उम्र के लोगों के बीपी, डायबिटीज व कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की नि:शुल्क जांच की जाएगी। जरूरत के अनुसार दवा और परामर्श दिया जाएगा। बीमारी के आधार पर तीन श्रेणी बनाई जाएंगी। इलाज की जरूरत नहीं, परहेज की जरूरत और दवा की जरूरत के आधार पर बीमारियों का इलेक्ट्रानिक व फिजिकल रिकार्ड मेंटेन किया जाएगा। प्रत्येक मरीज को पांच लाख तक का नि:शुल्क उपचार आयुष्मान के तहत मुहैया कराया जाएगा। सीएमओ डॉ. कृष्ण स्वरूप ने बताया कि हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर बनाने का काम शुरू हो गया है। चार माह बाद मरीजों को उपचार मिलने लगेगा।
यह स्टाफ होगा तैनात
वेलनेस सेंटर पर दो चिकित्सा अधिकारी, दो स्टाफ नर्स, लैब टेक्नीशियन, फार्मासिस्ट, लेडी हेल्थ विजिटर्स और आयुर्वेदिक प्रैक्टिसनर की भी नियुक्ति की जाएगी। आशा और एएनएनम मौजूद रहेंगी। स्वास्थ्य योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए चौपाल और कार्यशाला भी आयोजित होंगी।
अभी उप केंद्रों पर यह मिलती है सुविधा
मौजूदा समय में उप स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्य रूप से दो तरह की सुविधाएं उपलब्ध हैं। इसमें टीकाकरण और मातृत्व हेल्थ की जांच और इलाज शामिल है। इसके अलावा मौसमी बीमारी, टीबी, मलेरिया की रोकथाम के उपाय भी किए जाते थे। एएनएन गर्भवती महिलाओं की जांच कर स्वास्थ्य संबंधी परामर्श देती हैं।
वेलनेस सेंटर में मिलेंगी सुविधाएं
इन केंद्रों में मातृत्व स्वास्थ्य, शिशु स्वास्थ्य, टीकाकरण, किशोर स्वास्थ्य, डायबिटीज, ब्लड प्रेशर, कैंसर, अंधत्व, श्रवण बाधित रोग, संचारी रोग प्रबंधन एवं उपचार, गैर संचारी रोग प्रबंधन एवं उपचार, ओरल हेल्थ, मेंटल हेल्थ, योगा और एक्सरसाइज, काउंसलिंग, स्कूल हेल्थ एजूकेशन, आपात कालीन चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
दो करोड़ से बनेंगे 40 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर
20 पीएचसी और 20 उप स्वास्थ्य केंद्रों को बनाया जाएगा हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर, चार माह बाद आयुष्मान के तहत ग्रामीणों को गांव में मिलेगा मुफ्त उपचार