अमर उजाला ब्यूरो
कन्नौज। थाने में एफआईआर दर्ज कराने के लिए अब फरियादियों को थाने व पुलिस अधिकारियों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। एसपी कार्यालय में ऑनलाइन एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच के साथ कार्रवाई की जाएगी।
फरियादियों को तत्काल इंसाफ मुहैया कराया जा सके। सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में गुरुवार से एफआईआर काउंटर खुल रहा है। इसकी जिम्मेदारी आरपी पांडेय को सौंपी गई है। यहां उनकी रिपोर्ट दर्ज की जाएगी, जिनकी थाना स्तर पर न तो सुनवाई हुई है और न उनकी रिपोर्ट दर्ज की जा रही है।
पुलिस अधीक्षक हरीश चंदर ने बताया कि शासन की मंशा के अनुसार पुलिस कार्यालय में कोई भी फरियादी पहुंच कर सीधे अपनी रिपोर्ट दर्ज करा सकता है। इसके लिए अलग से एक काउंटर बनाया गया है।
थानेदार पर भी हो सकती रिपोर्ट
फरियादियों की रिपोर्ट दर्ज करने में टालमटोल करने पर थानेदार के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की जा सकती है। दरअसल एसपी कार्यालय में दर्ज होने वाले मुकदमों का पूरा ब्योरा डीजीपी कार्यालय के कंट्रोल रूम में भेजा जाएगा। मुकदमे के एक कालम में यह भी स्पष्ट किया जाएगा कि आखिरकार थाने में इस मुकदमे को क्यों दर्ज नहीं किया गया। बताया जा रहा है कि ऐसे मुकदमों की समीक्षा डीजीपी स्वयं करेंगे। इससे थानेदार की कुर्सी जाने के साथ उसपर एफआईआर होना भी तय माना जा रहा है।
संबंधित थाने में स्थानांतरित होगी जांच
पीड़ित की तहरीर पर क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क सिस्टम (सीसीटीएनएस) पर ऑनलाइन मुकदमा दर्ज किया जाएगा। मुकदमा दर्ज होने के पांच मिनट बाद इसकी विवेचना संबंधित थाने को स्थानांतरित की जाएगी। जबकि इसकी एक छायाप्रति पीड़ित को सौंप कर इसके बाद थाने भेजा जाएगा। जहां विवेचक तत्काल जांच कर पीड़ित को संतुष्ट करने के साथ ऑनलाइन कार्रवाई और जांच की स्थिति के बारे में पुलिस कार्यालय को रिपोर्ट करेगा।
- एफआईआर दर्ज करने के लिए बनाया गया काउंटर