करीब तीन माह बाद डीएम की अध्यक्षता में हुए तहसील
दिवस में फरियादियों की भारी भीड़ उमड़ी। अधिकांश शिकायतें ग्राम सभाओं की
परती जमीन पर अवैध कब्जों से संबंधित थीं। इन शिकायतों पर कड़ा संज्ञान
डीएम ने लिया और ठठिया के कानूनगो के खिलाफ विभागीय जांच व कार्रवाई के
निर्देश दिए। एक लेखपाल को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई।
तहसील में डीएम के
आते ही फरियादियों की भीड़ उमड़ पड़ी। भीड़ को व्यवस्थित करने को पुलिस ने
लाइनें लगवाईं। त्रिमुखा गांव के दीनदयाल ने पत्र देकर आरोप जड़ा कि
लेखपाल ने कई शिकायतों के बाद भी ग्राम सभा की खाली पड़ी जमीन पर से अवैध
कब्जे नहीं हटवाए हैं। उसने पूर्व में भी तहसील दिवस में भी शिकायत रखी थी।
इस पर डीएम ने लेखपाल के खिलाफ विशेष प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश
दिए। कक्षा 10 के छात्र राहुल कुमार ने स्कूल प्रबंधक पर टीसी व मार्कशीट न
देने की शिकायत रखी। इस पर डीएम ने प्रबंधक व प्रधानाचार्य के खिलाफ
कार्रवाई को डीआईओएस को निर्देश दिए।
ठठिया क्षेत्र के बख्तौरापुर गांव की
मिथलेश कुमारी ने कहा कि अवैध कब्जों के मामले में ठठिया के कानूनगो कोई
कार्रवाई नहीं कर रहे हैं। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने
एसडीएम को विभागीय जांच के निर्देश दिए। खुशुअनपुर्वा गांव के बालकृष्ण ने
शिकायत की कि जंगल ढाक की जमीन पर गांव के कुछ दबंग अवैध कब्जा किए हैं।
इस
पर डीएम ने एसडीएम उदयवीर सिंह को निर्देश देते हुए तहसील क्षेत्र में
अवैध कब्जों के खिलाफ अभियान शुरू करने को कहा। इस दौरान 152 शिकायतें आई,
इनमें पांच शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया गया। शेष शिकायतों के
निस्तारण को 10 दिन का समय दिया गया।
इस मौके पर एसपी कलानिधि नैथानी,
सीएमओ डा. पीएन बाजपेयी, पीडी एके सिंह कुशवाहा, समाज कल्याण अधिकारी
शैलेंद्र गौतम, एक्सईएन विद्युत, पीडब्ल्यूडी, जल निगम, आरईएस के अलावा
एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार आदि मौजूद थे।