संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। राज्य महिला आयोग की सदस्य अर्चना पटेल ने महिला उत्पीड़न की रोकथाम एवं पीड़ित महिलाओं को स्थानीय स्तर पर त्वरित न्याय दिलाए जाने को जनसुनवाई का आयोजन किया। जिसमें महिलाओं ने अपनी समस्या को प्रमुखता से रखा।
महिला आयोग की सदस्य ने पीडब्ल्यूडी सर्किट हाउस में जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ जनपद की महिलाओं की समस्याओं को एक-एक कर गंभीरतापूर्वक सुना और उपस्थित अधिकारियों से समस्याओं का मौके पर निस्तारण भी कराया। पीड़िताओं को आश्वस्त करते हुए कहा कि वे चिंता न करें, अब वे अकेली नहीं हैं, उनके साथ राज्य महिला आयोग उनको न्याय दिलाने के लिए खड़ा हुआ है। जनसुनवाई के दौरान कुल 42 शिकायतें प्राप्त हुईं।
पीड़ित महिलाओं ने घरेलू हिंसा, शोषण, लैंगिक उत्पीड़न, कार्यस्थल पर भेदभाव आदि शिकायतों को उनके समक्ष रखा गया, जिस पर सदस्य ने संबंधित अधिकारियों को उक्त प्रकरणों में पूरी गंभीरता व निष्पक्षता के साथ कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर महिला जिलाध्यक्ष अपना दल विद्या श्रीवास्तव, प्रदेश सचिव ज्वाला प्रसाद पटेल, प्रदेश महासचिव रामगुलाम श्रीवास, महिला जिलाध्यक्ष बीजेपी लक्ष्मी रावत, उप निदेशक कृषि बसंत कुमार दुबे, जिला प्रोबेशन अधिकारी नंदलाल सिंह, जिला सूचना अधिकारी डीएस दयाल आदि उपस्थित रहे।
पति की प्रेमिका ने घर ले जाकर करवाया बुरा काम : थाना बानपुर के एक गांव निवासी व्यक्ति ने दिए प्रार्थनापत्र में बताया कि उसकी पुत्री ने जिस लड़के से शादी की थी वह किसी अन्य महिला से प्रेम करता था। आरोप लगाया कि पति आए दिन पुत्री को मारता पीटता था। आरोप लगाया कि उसकी पुत्री 2 अगस्त को हैंडपंप पर पानी भरने गई तभी पति की प्रेमिका उसे एक घर में बुला ले गई जहां दो लोगों ने उसके साथ जबरदस्ती बुरा काम किया। आरोप है कि वह उसे दवा सुंघाकर जंगल में ले गए, जहां वहां भी उसके साथ बुरा काम किया।
सीमावर्ती गांव बंदरभोज क्षेत्र में नेपाल के रास्ते पर जाते बाइक सवार। संवाद- फोटो : आत्मरक्षा का प्रशिक्षण प्राप्त करतीं छात्राएं।
सीमावर्ती गांव बंदरभोज क्षेत्र में नेपाल के रास्ते पर जाते बाइक सवार। संवाद- फोटो : आत्मरक्षा का प्रशिक्षण प्राप्त करतीं छात्राएं।