अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। झांसी में महिलाएं पैसा बचाने में आगे हैं। छोटी-छोटी बचत करके खातों में मोटी रकम जमा कर रही हैं। इसकी ताकीद डाकघर के बचत खाते करते हैं। जिला बचत अधिकारी का कहना है कि महिलाओं के बचत खातों की संख्या के साथ जमा होने वाली रकम भी बढ़ रही है। पिछले साल जहां 38 हजार महिलाओं के बचत खातों में करीब 1.75 अरब रुपये जमा थे। वहीं, इस साल महिलाओं के खातों की संख्या बढ़कर 45 हजार से अधिक हो चुकी है। खाते में जमा रकम भी बढ़कर ढाई अरब हो गई है। उनका कहना है कि इनके खातों से धन निकासी पुरुषों के खातों के मुकाबले बेहद कम है।
मासिक आय योजना (एमआईएस), महिला सम्मान बचत पत्र, पांच वर्षीय राष्ट्रीय बचत पत्र (एनएससी) की मदद से डाकघर के जरिए छोटी-छोटी बचत योजनाएं संचालित हो रही हैं। डाकघर में महज 50 रुपये में बचत खाता समेत 100 रुपये में आवर्ती जमा योजना में पैसा जमा किया जा सकता है। खास तौर से आवर्ती जमा योजना में 6.7 प्रतिशत ब्याज मिलने की वजह से महिलाएं इसे सर्वाधिक पसंद कर रही हैं। डाकघर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, अभी इन खातों में बचत धनराशि 25000 लाख रुपये हो चुकी है। जिला बचत अधिकारी राजेश कुमार दुबे का कहना है कि महिलाओं में बचत की प्रवृत्ति अधिक होने से बचत खातों में सर्वाधिक पैसा इनका जमा है। इन खातों से धन निकासी भी कम होती है।
इनसेट
सुकन्या समृद्धि में 3.59 करोड़ जमा
सुकन्या समृद्धि योजना में 3.59 करोड़ रुपये जमा हैं जबकि 68559 रुपये निकाल लिए गए। सुकन्या समृद्धि योजना में सरकार सबसे अधिक 8.20 प्रतिशत का ब्याज दे रही है। इसके लिए न्यूनतम 250 रुपये जमा करना आवश्यक होता है। खाते की परिपक्वता अवधि 21 वर्ष है। इस वजह से कम दिलचस्पी देखने को मिल रही है हालांकि जमा धनराशि में आयकर से छूट मिलती है।
डाकघरों में इतनी रकम जमा
बचत खाते - 1,00,52,30,669 रुपये
आरडी- 2,75,07,22,025 रुपये
वरिष्ठ नागरिक जमा योजना- 2,22,60,571 रुपये