संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। मुक्केबाजी में दम दिखाने के लिए इन दिनों प्रदेशभर के खिलाड़ी गुर सीख रहे हैं। अलग-अलग पंच के जरिये प्रतिद्वंदी को चित्त करने के लिए खिलाड़ी जमकर अभ्यास कर रहे हैं। अपनी प्रतिभा का बेहतरीन प्रदर्शन करके वे राष्ट्रीय खेलों में मेडल जीतना चाहते हैं।
उत्तर प्रदेश खेल निदेशालय लखनऊ द्वारा मेजर ध्यानचंद स्टेडियम में आवासीय क्रीड़ा छात्रावास में प्रवेश के लिए 15 दिवसीय बॉक्सिंग का केंद्रीय प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया जा रहा है। इसमें बालक वर्ग में प्रदेश के 18 मंडलों से चयनित 20 खिलाड़ी मुक्केबाजी के गुर सीख रहे हैं। अपनी खेल प्रतिभा को बढ़ा रहे हैं। उनका सपना राष्ट्रीय प्रतियोगिता और ओलंपिक में बेहतरीन खेल का प्रदर्शन करना है।
झांसी के रहने वाले कुंवर साहब शिविर में मुक्केबाजी का प्रशिक्षण ले रहे हैं। वह यहां फिजिकल, टचिंग, बेसिक में पंच, अपरकट, हुक पंच करना सीख रहे हैं। कुंवर साहब राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में मुक्केबाजी का प्रदर्शन कर चुके हैं। उनका कहना है कि वह भविष्य में अच्छा खिलाड़ी बनकर ओलंपिक में खेलना चाहते हैं।
सुल्तानपुर के बालमुकुंद सिंह प्रशिक्षण शिविर में फाइट करना, अनुशासन में रहने के अलावा हुक मारना, लेफ्ट अपरकट और स्ट्रेट पंच करना सीख रहे हैं। वह कड़ा अभ्यास करके अंतरराष्ट्रीय मुक्केबाज बनना चाहते हैं। उनका कहना है कि वह देश के लिए गाेल्ड मेडल जीतना चाहते हैं।
मेरठ के रहने वाले विशेष ने मुक्केबाजी के पंच की रेंज, अटैक और डिफेंस, मिसिंग करने का हुनर सीखा है। वे कहते हैं कि माता पिता उनको बॉक्सर बनाना चाहते हैं। उनका सपना पूरा करने के लिए वे बॉक्सिंग करना सीख रहे हैं।
गोरखपुर के अंशु सिंह पिछले ढाई साल से बॉक्सिंग कर रहे हैं। उन्होंने शिविर में फाइट करना, पंचिंग बैग पर अभ्यास करना, स्ट्रेट पंच, डिफेंस करना सीखा है। वे कहते हैं कि मुक्केबाजी करते हुए ओलंपिक में खेलकर गोल्ड मेडल जीतना चाहता हूं।