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गेहूं की खरीद एक अप्रैल से

Tue, 28 Mar 2017 12:47 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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गेहूं की खरीद एक अप्रैल से - फोटो : demo
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एक अप्रैल से गेहूं की खरीद शुरू हो जाएगी। प्रशासन की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। इस बार गेहूं का रिकार्ड उत्पादन होने की उम्मीद है। खरीद का लक्ष्य अभी तय नहीं किया गया है। माना जा रहा है कि पिछले साल से खरीद का लक्ष्य दोगुना होगा।इसके लिए मंडल में 233 खरीद केंद्र बनाए गए हैं। यहां किसानों को पेयजल, छाया आदि की सुविधाएं मिलेंगी। साथ ही उन्हें गेहूं उतराई और छनाई का पैसा नहीं देना पड़ेगा। 
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प्रदेश सरकार ने पिछली बार 40 मीट्रिक टन गेहूं खरीदा था। इस बार दोगुना गेहूं खरीदने का लक्ष्य मिलने की संभावना है। लेकिन, झांसी कितना गेहूं खरीदेगा, यह अभी तय नहीं है। इस बार मंडल में 233 केंद्रों पर गेहूं की खरीद होगी। इसके लिए झांसी में 97 केंद्र, ललितपुर में 67 केंद्र और जालौन में 80 खरीद केंद्र बनाए गए हैं। सबसे अधिक 210 केंद्र पीसीएफ ने बनाए हैं। खाद्य विभाग के 15 केंद्र, एफसीआई के 05 केंद्र और कर्मचारी कल्याण निगम के 03 केंद्र बनाए गए हैं। सभी केंद्रों पर किसानों को पेयजल, छाया, कांटा, बांट, स्टेशनरी, छलना आदि की सुविधाएं दी जाएंगी। इसकी तैयारियां 31 मार्च तक पूरी हो जाएंगी। सभी केंद्र प्रभारियों को तैयारियों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। वह सुविधाओं की फोटो खाद्य विभाग के  अफसरों को भेजें। इस बार किसी प्राइवेट एजेंसी को गेहूं खरीद करने की जिम्मेदारी नहीं दी गई है, इस कारण खरीद में दलाली प्रथा पर लगाम लगी रहेगी। 

छनाई व उतराई नहीं देनी पड़ेगी
किसानों को छनाई और उतराई भाड़ा नहीं देना पड़ेगा। इसके लिए बीस रुपये प्रति क्विंटल की दरें तय की गई हैं। इस पैसे को लेकर मंडी के कर्मचारियों की किसानों से अक्सर झड़प हो जाती थी। मंडी के पास शासन से पैसा समय पर नहीं आता था, जिससे आरोप-प्रत्यारोप लगते थे। अबकी बार किसानों से यह पैसा न लिया जाए, इसलिए प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। उम्मीद है कि कैबिनेट की बैठक में इसे पास किया जाएगा और किसानों को छनाई और उतराई का पैसा नहीं देना पड़ेगा।
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ई-प्रोक्योरमेंट खरीद होगी
गेहूं की खरीद ई-प्रोक्योरमेंट प्रक्रिया के तहत ऑनलाइन होगी। इसके अंतर्गत किसान का रजिस्ट्रेशन किया जाएगा। इसके लिए किसान को अपनी खतौनी दिखानी होगी। आधार कार्ड भी दिखाना होगा। इसके अलावा किसानों को अपना बैंक खाता और बैंक का आईएफएससी कोड भी बताना होगा। जिन किसानों के बैंक खाते बहुत पुराने हो गए हैं, वह बैंक जाकर केवाईसी जमा कर बैंक खाते को अपडेट करा सकते हैं। 

सौ रुपये बढ़ा समर्थन मूल्य
अबकी बार गेहूं का समर्थन मूल्य पिछले वर्ष की तुलना में सौ रुपये बढ़ा दिया गया है। अब 1,525 रुपये प्रति क्विंटल के स्थान पर 1,625 रुपये प्रति क्विंटल की दर से गेहूं खरीदा जाएगा।

किसानों को ई-पेमेंट होगा
गेहूं खरीद की प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी होगी। किसानों को गेहूं बेचने अथवा पैसे का भुगतान लेने में कोई परेशानी न हो, इसलिए सभी किसानों को ई- पेमेंट प्रक्रिया से भुगतान किया जाएगा। इससे पैसा सीधे उनके बैंक खाते में जाएगा। किसानों से कोई दलाली न खा सके, इसके इंतजाम किए गए हैं। किसी प्राइवेट एजेंसी को गेहूं खरीद करने की अनुमति नहीं है। 
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- हरनाम सिंह, संभागीय खाद्य नियंत्रक
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