झांसी। रक्सा क्षेत्र के पुनावलीकला गांव की दस हजार आबादी पिछले लंबे से पानी की समस्या से जूझ रही है। गांव के हर हैंडपंप पर पानी भरने के लिए लोगों की कतार लगी रहती है। यहां पर दो पेयजल योजना अलग- अलग समय में शुरू की गई थी। लेकिन दोनों रखरखाव के कारण बंद चल रही है।
पुनावलीकला गांव में 20 साल पहले स्वजल परियोजना के तहत ताराग्राम द्वारा 20 हजार लीटर की टंकी का निर्माण किया गया था। इस पेयजल योजना का संचालन गांव के लोग ही पैसा एकत्रित कर करते थे। बढ़ती आबादी के साथ टंकी छोटी पड़ने लगी। लोगों ने पैसा देना भी बंद कर दिया। इससे योजना ठप पड़ गई। दोबारा योजना को चालू करने के लिए जलनिगम को प्रार्थना पत्र दिए गए, लेकिन समस्या का निस्तारण नहीं हो सका। सांसद निधि से जलनिगम ने पांच साल पहले गांव में टंकी का निर्माण कराया गया। लेकिन तकनीकी कारणों के कारण टंकी चालू नहीं हो सकी। गांव में गिने चुने हैंडपंप लगे हैं, जिनमें पानी भरने को लेकर मारामारी रहती है। मजबूरन गांव के तमाम लोग साइकिल पर डिब्बा रखकर दूर- दूर तक पानी भरने के लिए जाते हैं।
मेेरे गांव में पानी की बेहद समस्या है। जलनिगम को कई बार लिखकर अवगत करा चुका हूं। पार्टी नेताओं से भी कहा, लेकिन समस्या का निस्तारण नहीं हो रहा है। वनमाली साहू, भाजपा जिला प्रतिनिधि।
पानी भरने के लिए मेरा पूरा परिवार परेशान रहता है। परिजार के लोग कभी गाड़ी से तो कभी साइकिल से पानी भरकर लाते हैं। आराधना श्रीवास्तव।
मैं दूध बेचने झांसी जाता हूं। सुबह उठकर सबसे पहले पानी भरने जाना पड़ता है। इस कारण अक्सर देरी से अपने ग्राहकों के पास पहुंच पाता हूं। जय सिंह गुर्जर।
गांव के अधिकांश हैंडपंपों का पानी खारा है। मजबूरन लोगों को दूर तक पानी भरने जाना पड़ता है। जलनिगम को पानी की समस्या दूर करने के लिए ठोस कदम उठाना चाहिए। सुरेश राजपूत, प्रधान पति।
प्रदेश सरकार हर घर पानी पहुंचाने के लिए योजना स्वीकृत की गई है। इसी योजना के तहत पुनावलीकला में भी कार्य होगा।
नरेंद्र वर्मा, अधिशासी अभियंता, जलनिगम