झांसी। गंभीर सूखे से जुझ रहे बामौर ब्लॉक के दो दर्जन से अधिक इलाकों तक पानी पहुंचने की रूकावट काफी दूर हो गई है। सिंचाई विभाग को डिकौली गांव के पास एक विशाल जलाशय मिला है। लखनऊ से आई जांच टीम ने जलाशय में बेतवा नदी के अपस्ट्रीम धारा से करीब 12,500 क्यूसेक पानी निरंतर मिलने की पुष्टि की है। ऐसे में यहां से नहर योजना शुरू करने की संभावना है। सिंचाई विभाग ने कोलकता से डिजाइन तैयार करने के लिए विशेषज्ञ बुलाए हैं।
बुंदेलखंड में बामौर ब्लॉक को ड्राई इलाकों में शुमार किया जाता है। यहां भूजल स्तर काफी नीचे है। पिछले माह डिकौली में पानी के विशाल जल स्रोत के बारे में सिंचाई विभाग को मालूम चला। इसको परखने के लिए लखनऊ से एक तकनीकी जांच टीम बुलाई गई। टीम ने यहां पहुंचकर भौगोलिक स्थिति का जायजा लिया और 12500 क्यूसेक पानी के निरंतर रिसाव की पुष्टि की। इसके बाद सिंचाई विभाग के अभियंताओें के चेहरे चमक उठे हैं। अभियंताओं का कहना है जलाशय में निरंतर डिस्चार्ज मिलने से नई नहर योजना आरंभ हो सकेगी। इससे आसपास के दो दर्जन से अधिक गांवों में पेयजल समस्या सुलझेगी। असिंचित इलाकों को भी सिचिंत बनाया जा सकेगा। अधिशासी अभियंता उमेश कुमार के मुताबिक निरंतर डिस्चार्ज मिलने से इन इलाकों तक पानी पहुंचने की उम्मीद पैदा हुई है। अब डिजाइन तैयार करने के लिए कोलकता से विशेषज्ञों को यहां बुलाया जा रहा है।