झांसी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों के विभिन्न पदों के लिए तय हुए आरक्षण पर आपत्ति जताने का आज अंतिम दिन रहा। दिन भर विकास भवन समेत ब्लॉकों पर आपत्तियां दर्ज कराने वालों का तांता लगा रहा। सबसे अधिक ग्राम प्रधान पदों को लेकर आपत्तियां दर्ज कराई गई। शाम तक आपत्तियां दर्ज कराई जाती रहीं। अब सभी ब्लॉकों में दर्ज हुई आपत्तियों को एकत्रित किया जाएगा।
इन आपत्तियों पर जिलाधिकारी की ओर से गठित कमेठी सुनवाई करेगी। इसके बाद आरक्षण सूची का अंतिम प्रकाशन होगा। शासनादेश के मुताबिक इस दफे चक्रानुक्रम रीति से 496 ग्राम पंचायतों का आरक्षण तय हुआ। नई व्यवस्था में जो सीटें कभी एससी को आरक्षित नहीं हुईं उनको प्राथमिकता पर एससी को आरक्षित कर दी गईं। इस वजह से जनपद की 43 सीट अनुसूचित जाति (महिला) जबकि 77 सीट अनुसूचित जाति वर्ग को आरक्षित हो गई। 1995 के बाद पहली दफे यह सीटें इस वर्ग को आरक्षित की गईं। चक्रानुक्रम आरक्षण के चलते कई ग्राम पंचायतों का सियासी समीकरण गड़बड़ा गया। काफी समय से चुनावी तैयारियों में जुटे उम्मीदवारों के भी होश फाख्ता हो गए।
तीन मार्च से ही आपत्तियां दर्ज कराने वालों का तांता लगना शुरू हो गया। अधिकारियों के मुताबिक आपत्तियां दर्ज कराने वालोें में सर्वाधिक लोगों ने आबादी के आधार पर आपत्ति दर्ज कराई। सबसे अधिक आपत्तियां खिसनी खुर्द, बुढ़ियाबम्हौरी, मोंठ से बेलमा कला, खूजा, कायला, बरौंदा, दतावलीकला, साकिन, बबीना से रक्सा, कोटखेरा, चिरगांव से रामनगर, मढ़डिलावली, गुरसराय से करगुवांबुजुर्ग, आमली, खिसनीबुजुर्ग, सैगुवां, मऊरानीपुर से सिजारीबुजुर्ग, घाटलहचूरा, बंगरा से लुहरगांव रानीपुर, घुराट आदि ग्राम पंचायतोें से दर्ज कराई गई। सोमवार को अंतिम दिन होने के नाते सभी आपत्तियां एकत्र की जा रही थीं लेकिन, सबसे अधिक ग्राम प्रधान पदों को लेकर ही आपत्तियां जताई गई हैं। जिपं सदस्योें को लेकर भी आपत्तियां हुई हैं।
13 को प्रकाशित होगी अंतिम सूची
आरक्षण पर दर्ज आपत्तियों की सुनवाई के बाद शासनादेश के मुताबिक इनका प्रकाशन 14 मार्च तक कर दिया जाना है लेकिन, प्रशासन 13 तक इनके अंतिम प्रकाशन की तैयारी कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि आपत्तियोें की जल्द सुनवाई करके आरक्षण सूची प्रकाशित करा दी जाएगी। आरक्षण की अंतिम सूची प्रकाशित होने के बाद ही चुनावी सरगर्गी तेजी पकड़ेगी।