गरौठा/ गुरसराय (झांसी)। गुरसराय थाना क्षेत्र के लखावती गांव के पास खेत में बृहस्पतिवार की रात जीजा- साले की पत्थरों से कुचलकर हत्या कर दी गई। दोनों के शव शुक्रवार की सुबह खेतों में पड़े मिलने पर क्षेत्र में सनसनी फैल गई। दोनों अस्ता गांव में रहने वाले एक रिश्तेदार के घर पर आयोजित कुआं पूजन कार्यक्रम में शामिल होने के बाद बाइक से घर वापस लौट रहे थे। घटनास्थल से थोड़ी दूर पर छेंच नाले पर उनकी बाइक पड़ी मिली। हत्या का खुलासा करने के लिए पुलिस टीमें गठित कर दी गईं हैं।
बृहस्पतिवार को लहचूरा थाना क्षेत्र के सौनकपुरा निवासी संतोष कुमार (33) पुत्र जंगी अपने जीजा रानीपुर निवासी सुशील कुमार (34) पुत्र मंटू उम्र चौंतीस वर्ष के साथ गुरसराय क्षेत्र के अस्ता में स्थित अपनी ससुराल कुआं पूजन कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। रात में नौ बजे के करीब दोनों बाइक से अपने घर सौनकपुरा आने के लिए निकल आए। मगर रात में वह घर नहीं पहुंचे। शुक्रवार की सुबह दोनों के शव गरौठा- गुरसराय थाना सीमा पर स्थित भदरवारा माइनर के पास लखावती हेवतपुरा गांव के एक खेत में पड़े मिले। उनकी पत्थर से कुचलकर हत्या कर दी गई थी। जब इस बात की जानकारी आसपास क्षेत्र के गांव वालों को हुई तो मौके पर भीड़ लग गई। पुलिस को घटना सूचना महोबा जिले के अजनर गांव निवासी विनोद कुमार ने दी। दोपहर 12 बजे के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर छानबीन शुरू की। घटनास्थल के थोड़ी दूर ही इनकी बाइक भी पड़ी मिल गई। आरोपियों ने साक्ष्य मिटाने के लिए दोनों के मोबाइल भी गायब कर दिए हैं। इधर, घटना का पता लगने पर संतोष के परिजन व ससुराल के लोग मौके पर पहुंच गए। डीआईजी सुभाष सिंह बघेल, पुलिस अधीक्षण (ग्रामीण) राहुल मिठास ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। डीआईजी ने अधीनस्थों को घटना के शीघ्र खुलासा करने के निर्देश दिए।
इस मामले में पुलिस अधीक्षक ग्रामीण राहुल मिठास ने बताया कि रंजिशन या लूट के इरादे से हत्या हो सकती है। पुलिस हर बिंदु पर काम कर ही है। घटना के खुलासे के लिए स्वॉट टीम के अलावा गुरसराय और अन्य थानों की पुलिस को लगाया गया है। डीआईजी सुभाष सिंह बघेल व अन्य अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मौके पर मौजूद आसपास गांव के लोगों से पूछताछ की। वहीं, पुलिस ने पंचनामा भरकर शवों को पोस्टमार्टम के लिए मऊरानीपुर भेज दिया।
डीआईजी ने गरौठा पुलिस को सौंपा प्रकरण
गरौठा थाना क्षेत्र के भदरवारा माइनर पर हुए जीजा साले की हत्या की वारदात गुरसराय- गरौठा सीमा में होने की वजह से अपर पुलिस अधीक्षक देहात राहुल मिठास ने इस हत्याकांड को पहले गुरसराय पुलिस को सौंप दिया था। लेकिन, बाद में मौके पर पहुंचे डीआईजी सुभाष बघेल ने इस हत्याकांड को गुरसराय से गरौठा स्थानांतरित कर दिया है।
ससुर ने रात में रुकने के लिए किया था आग्रह
मृतक संतोष कुमार के ससुर नाथूराम ने बताया कि रात में उन्होंने अपने दामाद संतोष व उनके जीजा सुशील को घर वापस न जाने के लिए रोका था। सभी ने उनसे रुकने के लिए आग्रह किया था, लेकिन वह नहीं माने। वह उनकी बेटी गायत्री देवी को साथ नहीं लाए थे, इसलिए उन्होंने रात में रुकने का आग्रह नहीं माना। संतोष ने कहा कि जीजा साथ में हैं, कोई दिक्कत की बात नहीं है। जाने से पहले संतोष ने पत्नी गायत्री से भी मोबाइल पर बात की थी। गायत्री का कहना है कि जिस समय उसे फोन किया गया तो समारोह में शोरशराबा हो रहा था, इस कारण वह उनकी बात ठीक ढंग से सुन नहीं सकी।
काफी देर चला संघर्ष
घटना स्थल पर खेत में जहां उनके शव पड़े थे। आसपास पैरों के काफी निशान थे। इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि हमलावरों और उनके बीच काफी देर तक संघर्ष होता रहा।