झांसी। ट्रेनों में सिर्फ कंफर्म टिकट वाले यात्रियों को सफर करने की अनुमति दी जा रही है। दीपावली पर घर जाने के लिए बृहस्पतिवार को करीब सात सौ यात्री तत्काल कंफर्म सीट पाने के लिए भटकते रहे। इनमें अधिकांश ऐसे मुसाफिर थे, जो झांसी तक तो आ गए थे। लेकिन अब उनको गोरखपुर व बिहार की तरफ जाना था। तो कई यात्रियों को दिल्ली और बांदा, प्रयागराज की ओर भी जाना था।
गोरखपुर के रहने वाले महेश यादव हैदराबाद की एक फैक्ट्री में काम करते हैं। लॉकडाउन के दौरान महेश अपने परिवार के साथ गांव लौट आए थे। लेकिन अगस्त में उनको दोबारा कंपनी ने टिकट भेजकर वापस बुला लिया था। अब वे दीपावली पर परिवार के साथ घर जा रहे हैं। बुधवार को वे आंध्रा एक्सप्रेस से हैदराबाद से झांसी आ गए, लेकिन अब उनके पास गोरखपुर तक जाने के लिए टिकट नहीं है। उनको उम्मीद थी कि झांसी पहुंचकर तत्काल में गोरखपुर जाने वाली किसी न किसी गाड़ी में टिकट मिल जाएगा, लेकिन बृहस्पतिवार को ऐसा संभव नहीं हो सका। इसी तरह मंगला एक्सप्रेस से मुंबई से झांसी आए राजेश पांडे परेशान हो रहे थे। उनको पत्नी व बच्चों के साथ वाराणसी जाना था, लेकिन उनको बुंदेलखंड एक्सप्रेस में टिकट नहीं मिल सका। बृहस्पतिवार को ऐसे ही करीब 700 यात्री रेलवे स्टेशन पर कंफर्म टिकट के लिए परेशान होते रहे। मजबूरन कई लोगों को बस या प्राइवेट गाड़ी करके गंतव्य के लिए रवाना होना पड़ा।
बढ़ाई गई निगरानी
झांसी। रेलवे स्टेशन के आरक्षण काउंटरों पर मुख्य वाणिज्य निरीक्षक व आरपीएफ की तैनाती कर दी गई है। यह कर्मी दलालों व असामाजिक तत्वों पर नजर रख रहे हैं। साथ ही यात्री जो भी फार्म भरकर दे रहे हैं उनकी जांच की जा रही है।
झांसी मंडल से अभी 65 जोड़ी स्पेशल ट्रेनें और त्योहार विशेष गाड़ियां गुजर रहीं हैं। दीपावली पर आरक्षण कार्यालय की खिड़कियों पर यात्रियों को समस्या न हो, इसके लिए सुबह 7.30 बजे से 11.30 बजे तक वाणिज्य निरीक्षकों व आरपीएफ की तैनाती की गई है। आरक्षण काउंटर पर जो भी फार्म आएंगे, उनकी वाणिज्य निरीक्षक जांच करेंगे। जांचा जाएगा कि यात्री ने सभी जानकारियां ठीक भरी हैं कि नहीं। कुली ओवर चार्जिंग न करें इसके लिए भी अभियान चल रहा है।