अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। न सिर्फ आयोडीन की कमी बल्कि शरीर में ऑटो एंटीबॉडी बनने से भी थायराइड होती है। खास बात यह है कि इसके लक्षण देरी से आते हैं और तब तक शरीर प्रभावित हो जाता है। हालांकि, जांच के बाद नियमित दवा के सेवन से इसे नियंत्रित किया जा सकता है। कभी-कभी ऑटो एंटीबॉडी बनने से होने वाली थायराइड बिगड़ने पर ऑपरेशन या आयोडीन रेडियो थैरेपी की जाती है।
मेडिकल कॉलेज के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. जकी सिद्दीकी ने बताया कि थायराइड दो प्रकार की होती है। हाइपो थायराइड में रोगी सुस्त रहने लगता है। थकान होने के साथ-साथ वजन तेजी से बढ़ता है। रोगी ठंड सहन नहीं कर पाता है। बाल झड़ने लगते हैं व चक्कर आते हैं। इसकी वजह शरीर में आयोडीन की कमी होना है। बताते चले आयोडीन थायराइड हार्मोन बनाने में अहम भूमिका निभाता है। जब शरीर में इसकी कमी होती है, तो थायराइड ग्रंथि पर्याप्त हार्मोन नहीं बनाती है। जांच में पुष्टि होने के बाद इसकी दवा शुरू की जाती है, जो नियमित रूप से खाली पेट खानी होती है। दवा से इस पर नियंत्रण हो जाता है, मगर दवा बंद नहीं करनी चाहिए।
डॉ. जकी बताते हैं कि इसके विपरीत जब शरीर में थायराइड हार्मोन बनने की अधिकता हो जाती है, तो हाइपर थायराइड होती है। इसमें थायरॉयड ग्रंथि को बहुत अधिक सक्रिय करने वाली एंटीबॉडी बनती है, जिससे हार्मोन अधिक बनता है। इसमें रोगी दुबला-पतला होता है। समय-समय पर शौच करने जाता है। घबराहट होने के साथ पसीना आता है। हाथ-पैर कांपते हैं। बुखार भी बना रहता है। आंख, दिल और दिमाग का तंत्रिका तंत्र भी प्रभावित होता है। इसमें दवा दी जाती है और स्थिति बिगड़ने पर रोगी का ऑपरेशन करना पड़ता है। आयोडीन रेडियो थैरेपी से भी उपचार किया जाता है।
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ये करें उपाय...
- वजन को नियंत्रित रखें।
- नियमित व्यायाम करते रहें।
- तनाव मुक्त रहें।
- सुपाच्य भोजन का सेवन करें।
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शिशु के जन्म लेने के बाद थायराइड की जांच कराएं। 18 वर्ष की आयु होने पर जांच होनी चाहिए। गर्भवती महिला की जांच बेहद जरूरी है। यदि थकान, बाल झड़ना, वजन तेजी से बढ़ना अथवा कम होने के लक्षण हैं, तो अवश्य जांच कराएं। - डॉ. जकी सिद्दीकी
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यदि थकावट, वजन तेजी से कम अथवा बढ़ता है, बाल झड़ते हैं, तो डॉक्टर को दिखाएं। अत्यधिक जंक फूड व शुगर नहीं खाएं। ये मेटाबॉलिज्म को और बिगाड़ देते हैं। जांच में थायराइड की पुष्टि होने के बाद डॉक्टर से परामर्श करें। - डॉ. ऋचा एस गुप्ता, ईएनटी फिजिशियन