अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। नई शिक्षा नीति (एनईपी) का लक्ष्य विद्यार्थियों का संपूर्ण विकास करना है। उनमें तार्किकता, साक्षरता, नैतिक, सामाजिक और भावनात्मक मूल्यों का विकास करना है। ये नीति विद्यार्थियों का संपूर्ण विकास कर उन्हें कुशल बनाने के लिए लागू की गई है। अमर उजाला कार्यालय में शनिवार को हुए संवाद कार्यक्रम में ये बातें स्कूलों के प्रधानाचार्यों और शिक्षकों ने कहीं।
माउंट लिट्रा जी स्कूल की प्रधानाचार्य अर्चना स्टूअर्ट ने कहा कि 1986 के बाद अब नई शिक्षा नीति लागू की गई है। ताकि, विद्यार्थियों का कौशल विकास हो सके। नई शिक्षा नीति में बाल वाटिका से छह साल तक की पढ़ाई बिना किसी औपचारिक परीक्षा के होगी। सिर्फ शिक्षक बच्चों पर निगरानी रखेंगे। वहीं, कक्षा छह से आठ तक प्रैक्टिकल जानकारी दी जाएगी।
ब्लू बेल्स पब्लिक स्कूल के नितिन विलियम्स ने बताया कि नई शिक्षा नीति के सहारे बच्चे कुशल बनेंगे। अमर उजाला की ओर से आयोजित की जा रही ओलंपियाड परीक्षा को लेकर उन्होंने कहा कि इस परीक्षा में शामिल होकर शुरुआती कक्षाओं में ही विद्यार्थी ओएमआर शीट भरना सीख जाते हैं। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में भी उन्हें मदद मिलती है। मानसिक स्तर और सामान्य ज्ञान भी बढ़ता है। बोर्ड परीक्षाओं में भी वैकल्पिक सवाल आने पर उन्हें जल्दी हल करना सीख जाते हैं। हर विद्यार्थी को ओलंपियाड परीक्षा में हिस्सा लेकर अपने ज्ञान को बढ़ाना चाहिए।
वहीं, इंडियन पब्लिक स्कूल के निदेशक रोहित कनकने ने कहा कि अब तक विद्यार्थियों का रटकर पढ़ाई करने पर ज्यादा जोर रहता था। मगर नई शिक्षा नीति के तहत शुरुआती पढ़ाई विद्यार्थियों को क्षेत्रीय भाषा में ही कराई जाएगी। इससे उन्हें विषय के बारे में समझने का काफी मौका मिलेगा। एनईपी का उद्देश्य बच्चों को उनकी रुचि के अनुसार ही दक्ष बनाना है। वहीं, अमर उजाला की ओर से कराई जा रही ओलंपियाड परीक्षा में शामिल होकर वह खुद का बौद्धिक स्तर जांच सकते हैं।
महात्मा हंसराज मॉडर्न स्कूल के अखिलेश पटेरिया ने कहा कि एनईपी का उद्देश्य तनाव मुक्त शिक्षा देना है। डिग्री लेकर नौकरी पाने के बजाय रोजगार देने वाला बनने पर फोकस है। इससे विद्यार्थियों का भविष्य उज्ज्वल होगा। सेंट फ्रांसिस स्कूल की शिक्षिका शालिनी जॉन का कहना है कि एनईपी ने विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा निखारने का मौका दिया है। इसके तहत उनका कौशल विकास भी होगा।
रघुराज सिंह इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्य सैंड्रा सैमुअल ने कहा कि काफी अध्ययन करने के बाद नई शिक्षा नीति लागू की गई है। इससे विद्यार्थियों की जानकारी और पढ़ाई में रुचि भी बढ़ेगी। एल्पाइन पब्लिक स्कूल के प्रबंधक दीपक राय ने कहा कि अमर उजाला की ओलंपियाड परीक्षा में हिस्सा लेने के लिए विद्यार्थी काफी उत्साहित हैं।
ये भी रहे शामिल
संवाद में सेंट मार्क्स कॉलेज के सत्यप्रकाश साहू, महात्मा हंसराज मॉडर्न स्कूल के सुमित शर्मा, एसआरएस इंटर कॉलेज की वंदना कुशवाहा, सेंट फ्रांसिस इंटर कॉलेज की रचना चड्ढा ने भी हिस्सा लिया।