- माताटीला, जामनी एवं अर्जुन सागर बांध में बनेगी 160 मेगावाट बिजली
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। बुंदेलखंड के तीन बांधों पर अब तैरते सोलर पैनल बिजली पैदा करेंगे। माताटीला बांध, जामनी बांध और अर्जुन सागर बांध को इसके लिए चुना गया है। नेडा की ओर से इन बांधों का सर्वे किया जा रहा है। सिंचाई विभाग के अफसरों के मुताबिक तीनों बांधों से कुल 160 मेगावाट बिजली का उत्पादन होगा।
बुंदेलखंड में सौर ऊर्जा को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसके लिए सोलर पार्क बनाया जा रहा है। अभी तक सारे सोलर प्लांट जमीन पर लगे हैं। इनके लिए जमीन की काफी आवश्यकता होती है। ऐसे में अब बड़े बांधों पर तैरते सोलर पैनल लगाने का प्रस्ताव बनाया गया है।
माताटीला बांध का डूब इलाका ही करीब 8 एकड़ में फैला है। यहां टीएचडीसी (टेहरी हाइड्रो डेवलपमेंट कार्पोरेशन) एवं टूस्को की ओर से सोलर पैनल लगाया जाएगा। नेडा ने इसके लिए सर्वे कार्य आरंभ कर दिया है। सिंचाई अफसरों का कहना है कि बांध के ऊपर सोलर पैनल स्थापित करना चुनौती भरा है। बारिश में नदियों का जलस्तर काफी बढ़ जाता है। बांध में भी जलस्तर बढ़ने के साथ वेग भी अधिक हो जाता है। इसको देखते हुए ऐसे पैनल इस्तेमाल में लाए जाएंगे, जिनको बारिश के समय समेटा जा सके। बाकी समय यह बांध के ऊपर तैरती रहें। सिंचाई एवं नेडा अफसर इसके तमाम बिंदुओं के भौतिक सत्यापन में जुटे हैं। इसके बाद डीपीआर तैयार करके यह काम कराया जाएगा।
सिंचाई अफसरों के मुताबिक इस प्रोजेक्ट के जरिये माताटीला बांध से सौ मेागावाट, जामनी बांध से दस मेगावाट एवं अर्जुन सागर बांध से पचास मेगावाट बिजली उत्पादन का लक्ष्य है। अधीक्षण अभियंता शीलचंद्र उपाध्याय का कहना है कि सर्वे कार्य कराया जा रहा है। इसकी रिपोर्ट तैयार होने के बाद काम कराया जाएगा।