झांसी। महानगर को स्मार्ट बनाने की राह में तेजी से कवायद शुरू कर दी गई है। महानगर में करीब 830 करोड़ रुपये के निर्माण कार्य रफ्तार भर रहे हैं। उम्मीद है कि मार्च तक महानगर की सूरत में काफी बदलाव हो जाएंगे। वहीं स्मार्ट सिटी मिशन को पूरा करने के लिए अधिकारियों की पूरी टीम तेजी से जुटी हुई है। इसके साथ ही, सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट और इलेक्ट्रिक बसों का संचालन भी जल्द शुरू करने की तैयारी हो रही है।
महानगर के स्मार्ट सिटी मिशन में शामिल होने के बाद से तमाम कार्यों की योजनाएं ही बनती रहीं। काम शुरू न हो पाने से लगातार महानगर की रैंकिंग में गिरावट आती रही और लगातार विकास को लेकर सवाल खड़े किए जाते रहे। स्मार्ट सिटी मिशन के अध्यक्ष और मंडलायुक्त सुभाषचंद्र शर्मा ने कई बार कामों की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताई। हाल ही में नगर आयुक्त अवनीश राय ने स्मार्ट सिटी के कामों की मॉनीटरिंग की, तो कामों के लंबित रहने पर नाराजगी जाहिर करते हुए कामों को तेजी से शुरू करने पर जोर दिया। मौजूदा दौर में करीब 330 करोड़ के निर्माण कार्य चल रहे हैं। जबकि 500 करोड़ रुपये के निर्माण कार्यों की निविदा प्रक्रिया चल रही है। इसके साथ ही 700 करोड़ रुपये के कामों की डीपीआर बन चुकी है। उम्मीद है कि मार्च तक महानगर की सूरत में कई बदलाव देखने को मिलेंगे।
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ये निर्माण कार्य जमीन पर उतरे
स्मार्ट सिटी के तहत 180 करोड़ रुपये की लागत से कमांड कंट्रोल सेंटर का निर्माण चल रहा है। जिसका काम दिसंबर तक पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद शहर की निगरानी में काफी आसानी होगी। वहीं प्राइमरी स्कूलों और सरकारी भवनों में सोलर पावर प्लांट, स्कूलों में स्मार्ट क्लास और कंप्यूटर लैब, सरकारी भवनों में वर्षा जल संग्रहण प्लांट, दस जगहों पर वाटर एटीएम, स्टेडियम में बैडमिंटन कोर्ट और एलईडी लाइटों को लगाने का काम, जीजीआईसी का जीर्णोद्धार, आतिया तालाब और पानी वाली धर्मशाला का काम शुरू कर दिया गया है। इनमें से अधिकतर कामों को मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा।
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इन कामों की चल रही निविदा प्रक्रिया
महानगर में स्मार्ट सिटी के तहत 13 वार्डों में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट की निविदा प्रक्रिया चल रही है। जो अक्तूबर में पूरी कर ली जाएगी। वहीं किले के पास इलैक्ट्रिक वाहनों के संचालन, योगा शेड और स्मार्ट सिटी बस सर्विस की टेंडर प्रक्रिया भी अक्तूबर में पूरी हो जाएगी।
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सुधरने लगी रैंकिंग, 62वें स्थान पर आई झांसी
स्मार्ट सिटी की मासिक रैकिंग में झांसी 62वें स्थान पर आ गई है। जबकि मार्च तक झांसी की रैकिंग 83वें स्थान पर थी। अधिकारियों का कहना है कि जैसे-जैसे काम पूरे होते जाएंगे, वैसे रैंकिंग में सुधार हो जाएगा। अधिकारियों को कोशिश है कि सालाना रैंकिंग में झांसी प्रदेश में प्रथम पायदान और देश में टॉप टेन में शामिल हो सके।
स्मार्ट सिटी के तहत 330 करोड़ रुपये के काम शुरू हो चुके हैं। जिसमें से अधिकतर मार्च तक पूरे हो जाएंगे। जबकि 500 करोड़ के काम भी जल्द शुरू करा दिए जाएंगे। स्मार्ट सिटी की रैकिंग में सुधार आया है। कोशिश है कि सालाना रैंकिंग में महानगर अव्वल रहे।
अमित शर्मा, नोडल अधिकारी स्मार्ट सिटी