झांसी। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज में आउटसोर्सिंग पर कोविड ड्यूटी में तैनात रहे कर्मचारियों ने प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि उन्हें पिछले छह महीने से मानदेय नहीं दिया गया। साथ ही, बिना किसी सूचना के पांच फरवरी को नौकरी से निकाल दिया गया।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि मेडिकल कॉलेज में स्टाफ नर्स, ओटी टेक्नीशियन, लैब टेक्नीशियन, डाटा ऑपरेटर और वार्ड ब्वॉय समेत विभिन्न पदों पर कोविड-19 के दौरान उनकी नियुक्ति आउटसोर्सिंग पर की गई थी। उन्हें पिछले छह महीने से मानदेय नहीं दिया गया। तब भी सभी कर्मचारी कोविड महामारी के चलते जान की परवाह किए बिना अपनी सेवाएं देते रहे। कोविड के दौरान 14 दिन की ड्यूटी के बाद उन्हें क्वारंटीन करने का नियम था लेकिन उनसे लगातार ड्यूटी कराई जाती रही।
फिर पांच फरवरी को अचानक उन्हें नौकरी से निकाल दिया गया, इसकी पूर्व में सूचना भी नहीं दी गई। कर्मचारियों के मुताबिक कोविड के दौरान उन्हें संविदा पर नियुक्त करने का भी आश्वासन दिया गया था। कर्मचारियों ने मांग की कि उन्हें फिर से नौकरी पर रखा जाए। साथ ही मानदेय भी बहाल किया जाए। इस दौरान अनिल वर्मा, प्रीति सिंह, दीपक शर्मा, राघवेंद्र पाल, शत्रुघन, शशिकांत, पंकज, आकाश आदि मौजूद रहे।