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‘सौभाग्य’ के तीसरे चरण में ग्रामीण क्षेत्र का बिजली ढांचा होगा मजबूत

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झांसी। मुख्यमंत्री बुंदेलखंड के किसानों को 24 घंटे बिजली देना चाहते हैं, मगर ग्रामीण क्षेत्रों का बिजली ढांचा इतना कमजोर है कि सर्दियों में भी ट्रांसफार्मर बिजली का लोड नहीं झेल पाते हैं। ओवरलोडिंग और जर्जर तारों के कारण ट्रांसफार्मर धड़ाधड़ फुंकते हैं। इसलिए बिजली विभाग ने ढांचा मजबूत करने के लिए सौभाग्य योजना के तहत तीसरे चरण के लिए 34 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर मुख्यालय भेजा है।
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जनपद के ग्रामीण क्षेत्रों में घर- घर बिजली पहुंचाने के लिए प्रधानमंत्री सहज बिजली हर घर योजना (सौभाग्य) के तहत वर्ष 2017 से काम चल रहा है। पहले चरण में 65 हजार ग्रामीण उपभोक्ताओं को निशुल्क कनेक्शन दिए गए, ताकि बिजली चोरी पर अंकुश लगाया जा सके। इसके अलावा जनपद में 86576 कनेक्शन का लक्ष्य दिया गया था। दूसरे चरण में 731 मजरों का विद्युतीकरण किया गया। इस कार्य पर 70 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं।
अब तीसरे चरण में ग्रामीण क्षेत्रों का बिजली ढांचा दुरुस्त करने का काम किया जाएगा। इसमें 259 गांवों में नंगे बिजली तारों की जगह एबीसी बंच कंडक्टर केबल डालने का काम होगा। जहां ओवरलोडिंग के कारण ट्रांसफार्मर अधिक फुंकते हैं, उनकी क्षमता में वृद्धि का काम होगा। इस काम के लिए 34 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर आगरा मुख्यालय भेजा गया है।
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सौभाग्य योजना के तीसरे चरण में जनपद के ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली ढांचा को मजबूत बनाने का काम होना है। इसके लिए 34 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर स्वीकृति के लिए आगरा मुख्यालय भेजा गया है।
- जेपीएन सिंह, अधीक्षण अभियंता (ग्रामीण)।
यह थी योजना
सौभाग्य में गरीबों को मुफ्त और सामान्य नागरिकों को पांच सौ रुपये में एक किलोवाट भार का कनेक्शन दिया गया। कनेक्शन के लिए आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, वाहन लाइसेंस अथवा बैंक एकाउंट में से एक परिचय पत्र होना जरूरी है। कनेक्शन के साथ मीटर, केबल, बीपीएल किट (एलईडी बल्ब, बोर्ड, मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट, एमसीवी, तीन मीटर वायरिंग) निशुल्क दिया गया।
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यह होते हैं मजरा
गांवों के एक से दो किलोमीटर के क्षेत्र में ऐसी जगह जहां पचास से कम परिवार घर बनाकर रह रहे हैं, उनको मजरा कहते है। जनपद में 1,174 मजरे हैं।
ट्रांसफार्मर फुंकने के कारण
- 20 साल से कई ट्रांसफार्मरों की क्षमता नहीं बढ़ाई
- हर गांव में बढ़ गए हैं तीन गुना तक परिवार
- बिजली चोरी बढ़ी, कनेक्शन भी बढ़े
- ट्रांसफार्मरों पर नहीं लगे रहते फ्यूज
- जर्जर तारों का टूटना भी जारी है, नहीं बदलते
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